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दिल्ली प्रदर्शन को भुलाया नहीं जाएगा, आंदोलन पर पछतावा नहीं-AISA की अध्यक्ष नेहा बोरा का बड़ा बयान

Neha Bora Statement: ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (AISA) की राष्ट्रीय अध्यक्ष नेहा बोरा ने जंतर-मंतर पर हुए छात्र आंदोलन और पेपर लीक के विरोध में चले लंबे संघर्ष को लेकर बड़ा बयान दिया है।
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AISA President Neha Bora
AISA अध्यक्ष नेहा बोरा का बयान, दिल्ली आंदोलन याद रखेगी युवा पीढ़ी, photo credit@ANI

Neha Bora Statement: ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (AISA) की राष्ट्रीय अध्यक्ष नेहा बोरा ने जंतर-मंतर पर हुए छात्र आंदोलन और पेपर लीक के विरोध में चले लंबे संघर्ष को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि युवाओं और छात्रों की यह एकजुटता तथा आंदोलन से मिली शुरुआती जीतों को भुलाया नहीं जाएगा, बल्कि आने वाले राजनीतिक और चुनावी दौर तक याद रखा जाएगा।

छात्र आंदोलन को बताया ऐतिहासिक

नीट (NEET) पेपर लीक और शिक्षा व्यवस्था में कथित अनियमितताओं के विरोध में नेहा बोरा ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर 23 दिनों तक भूख हड़ताल की थी। आंदोलन के दौरान केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने पद से इस्तीफा दिया, जिसे छात्र संगठनों ने अपनी बड़ी जीत बताया।

नेहा बोरा ने कहा कि छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई और इस आंदोलन के दौरान हुए संघर्ष को देश की युवा पीढ़ी लंबे समय तक याद रखेगी और इसका असर आने वाले चुनावों में भी दिखाई देगा।

आंदोलन से मिली राष्ट्रीय पहचान

नीट-यूजी (NEET-UG) पेपर लीक मामले को लेकर चले लंबे विरोध प्रदर्शन के दौरान कई युवा चेहरे राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा में आए। 'कॉकरोच जनता पार्टी' के नेतृत्व में हुए इस आंदोलन में एआईएसए की राष्ट्रीय अध्यक्ष और जेएनयू (JNU) की शोधार्थी नेहा बोरा प्रमुख चेहरों में शामिल रहीं। वहीं अपने भाषणों, धरने और भूख हड़ताल के कारण वह छात्र आंदोलन की प्रभावशाली आवाज बनकर उभरीं।

23 दिन का अनशन, 7.5 किलो घटा वजन

उत्तराखंड में पली-बढ़ीं नेहा बोरा ने दिल्ली विश्वविद्यालय से स्नातक और डॉ. बी.आर. अंबेडकर विश्वविद्यालय, दिल्ली से स्नातकोत्तर की पढ़ाई की है। वर्तमान में वह जेएनयू के स्कूल ऑफ आर्ट्स एंड एस्थेटिक्स में पीएचडी शोधार्थी हैं। वह रंगमंच से भी जुड़ी रही हैं।

जंतर-मंतर पर एआईएसए के बैनर तले उन्होंने 23 दिनों तक भूख हड़ताल की। इस दौरान उनका वजन लगभग 7.5 किलोग्राम कम हो गया और ब्लड शुगर का स्तर भी काफी नीचे चला गया।

'डार्क ह्यूमर' के जरिए सरकार पर निशाना

लंबे अनशन के दौरान भी नेहा बोरा ने जेन-ज़ी (Gen-Z) शैली में सोशल मीडिया, खासकर इंस्टाग्राम रील्स के जरिए सरकार पर व्यंग्यात्मक टिप्पणियां जारी रखीं।

एक चर्चित रील में उन्होंने कहा था, "चलो भूख की बात करते हैं, क्योंकि इस समय मेरे दिमाग में वही चल रहा है।" इसके बाद उन्होंने अपनी भोजन की भूख की तुलना केंद्र सरकार की "सत्ता की भूख" से करते हुए सरकार पर निशाना साधा।

Updated on:
01 Aug 2026 08:21 pm
Published on:
01 Aug 2026 08:21 pm