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अमरनाथ यात्रा की तैयारियों की उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने की समीक्षा, अब तक 1.13 लाख श्रद्धालुओं ने किए दर्शन

अमरनाथ यात्रा 2026 की व्यवस्थाओं की LG Manoj Sinha ने समीक्षा की। अब तक 1.13 लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने बाबा बर्फानी के दर्शन किए। सुरक्षा, सुविधाओं और सुगम यात्रा सुनिश्चित करने के लिए अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए गए।
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Jul 08, 2026
amarnath yatra review meeting
जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा (Photo- Patrika)

Shri Amarnath Yatra: जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने मंगलवार को अमरनाथ यात्रा की व्यवस्थाओं की समीक्षा के लिए उच्चस्तरीय बैठक की। बैठक में बताया गया कि अब तक 1.13 लाख से अधिक श्रद्धालु पवित्र अमरनाथ गुफा में बाबा बर्फानी के दर्शन कर चुके हैं। इस मौके पर मुख्य सचिव, गृह विभाग, बिजली विभाग और श्री अमरनाथजी श्राइन बोर्ड के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

सभी श्रद्धालुओं का उचित पंजीकरण के निर्देश

उपराज्यपाल ने वरिष्ठ अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी श्रद्धालुओं का उचित पंजीकरण सुनिश्चित किया जाए। साथी जमीनी स्तर पर तैनात अधिकारी उन्हें हर संभव सहायता प्रदान करें। उन्होंने कहा, 'हमारा लक्ष्य इस यात्रा को प्रत्येक श्रद्धालु के लिए अविस्मरणीय बनाना है और उन्हें सर्वोत्तम सुविधाएं उपलब्ध कराना है। बाबा बर्फानी के सुरक्षित, संरक्षित और सुगम दर्शन हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए।'

उन्होंने कहा, 'श्री अमरनाथजी यात्रा हमारे लिए अत्यंत गौरव का विषय है और यह हमारे राष्ट्र की आकांक्षाओं तथा आध्यात्मिक चेतना से गहराई से जुड़ी हुई है। यह भारत की शाश्वत सभ्यतागत विरासत को प्रतिबिंबित करती है और विश्व के सामने देश की विशिष्ट सांस्कृतिक शक्ति का परिचय कराती है। यह पवित्र यात्रा हमारी प्रिय परंपरा होने के साथ-साथ हमारी राष्ट्रीय पहचान का भी अभिन्न हिस्सा है। श्री अमरनाथजी यात्रा का सुरक्षित, सुचारु और सफल आयोजन सुनिश्चित करना हमारा सामूहिक संकल्प है।'

'यात्रा को आध्यात्मिक पर्यटन का एक आदर्श बनाएं'

उपराज्यपाल ने सभी संबंधित पक्षों से निकट समन्वय के साथ कार्य करने का आग्रह करते हुए कहा कि इस वर्ष की यात्रा को ऐतिहासिक बनाया जाए और इसे देशभर में आध्यात्मिक पर्यटन का एक आदर्श बनाया जाए। उन्होंने कहा, 'ऐसा सामूहिक प्रयास देश की अन्य तीर्थ यात्राओं के लिए भी प्रेरणादायक मॉडल बन सकता है।'

उपराज्यपाल ने श्रद्धालुओं से यह भी अपील की कि वे भगवान शिव के पावन धाम की आध्यात्मिक यात्रा का आनंद लेने के साथ-साथ जम्मू-कश्मीर की आत्मीय मेहमाननवाजी और यहां की समृद्ध पारंपरिक कला एवं हस्तशिल्प का भी अनुभव करें।

उन्होंने कहा, 'स्थानीय उत्पादों को प्रोत्साहन और समर्थन देकर हम यह सुनिश्चित कर सकते हैं कि यह यात्रा केवल एक गहन आध्यात्मिक अनुभव ही नहीं, बल्कि स्थानीय अर्थव्यवस्था, संस्कृति और विरासत का भी सार्थक उत्सव बने।'

श्री अमरनाथजी श्राइन बोर्ड के कंट्रोल रूम की भी समीक्षा

बैठक के दौरान उपराज्यपाल ने लोक भवन में स्थापित श्री अमरनाथजी श्राइन बोर्ड के 24×7 कंट्रोल रूम के संचालन की भी समीक्षा की, जिसे यात्रा के सुचारु संचालन के लिए स्थापित किया गया है। उन्होंने यात्रा मार्ग के विभिन्न हिस्सों में की गई व्यवस्थाओं, सुरक्षा बलों की तैनाती, लंगरों के संचालन, विभिन्न स्थानों तथा पवित्र गुफा में कतार प्रबंधन प्रणाली की भी विस्तृत समीक्षा की।

Updated on:
08 Jul 2026 07:53 am
Published on:
08 Jul 2026 07:52 am