
Assam Assembly Election 2026: असम विधानसभा चुनाव के प्रचार के आखिरी दौर में सियासत पूरी तरह गर्मा गई है। चुनावी माहौल सिर्फ राज्य तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इसकी गूंज अब दिल्ली तक सुनाई दे रही है। आरोप, जवाब और कानूनी कार्रवाई, सब कुछ एक साथ चल रहा है। मामला तब और तूल पकड़ गया जब कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा और उनके परिवार को लेकर गंभीर आरोप लगाए। खेड़ा ने दावा किया कि सरमा की पत्नी के पास एक नहीं बल्कि तीन देशों के पासपोर्ट हैं। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि क्या परिवार की विदेशों में संपत्ति और कंपनियां हैं। इन आरोपों के सामने आते ही राजनीतिक माहौल अचानक गरमा गया। मुख्यमंत्री सरमा ने तुरंत इन दावों को खारिज कर दिया और उन्हें पूरी तरह झूठा बताया। इसके साथ ही उनकी पत्नी ने भी मोर्चा संभाला और पवन खेड़ा के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।
शिकायत दर्ज होते ही मामला कानूनी दिशा में बढ़ गया। मंगलवार को असम पुलिस की एक टीम दिल्ली पहुंची और दिल्ली पुलिस के साथ मिलकर पवन खेड़ा के घर पर गई। हालांकि, उस वक्त खेड़ा घर पर मौजूद नहीं थे, बताया जा रहा है कि वे दिल्ली से बाहर हैं। दरअसल, ये पूरा विवाद उस प्रेस कॉन्फ्रेंस से शुरू हुआ जिसमें खेड़ा ने चुनाव से ठीक चार दिन पहले ये आरोप लगाए थे। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या सरमा परिवार के पास दुबई में संपत्ति है, क्या अमेरिका के व्योमिंग में उनकी कंपनियां हैं, और क्या उनकी पूंजी शेल कंपनियों में लगी हुई है। मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा के चुनावी हलफनामे को लेकर भी कांग्रेस ने सवाल उठाये हैं।
मुख्यमंत्री सरमा ने पहले ही साफ कर दिया था कि वे इन आरोपों को हल्के में नहीं लेंगे और कानूनी कार्रवाई करेंगे। अब जब पुलिस इस मामले में सक्रिय हो गई है, तो साफ है कि यह विवाद आने वाले दिनों में और बढ़ सकता है। चुनाव के ठीक पहले इस तरह के आरोप-प्रत्यारोप ने माहौल को और ज्यादा तनावपूर्ण बना दिया है। अब देखना दिलचस्प होगा कि यह मामला सिर्फ बयानबाजी तक सीमित रहता है या फिर अदालत तक पहुंचता है।