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Bihar Chunav: मां सीता की धरती पर दिलचस्प होगा मुकाबला, RJD के 2 चेहरे आमने-सामने, 3 महिलाओं के बीच कांटे की टक्कर!

परिहार विधानसभा सीट पर मौजूदा भाजपा विधायक गायत्री देवी हैट्रिक के लिए मैदान में हैं, जिन्होंने 2020 में राजद की रितु जायसवाल को करीब 2000 वोटों से हराया था।
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Nov 10, 2025
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स्मिता पूर्वे, गायत्री देवी और रितु जायसवाल। (फोटो- ANI)

बिहार में सीतामढ़ी जिले के परिहार विधानसभा क्षेत्र में मंगलवार को वोटिंग है। यह माता सीता की धरती है। इस बार परिहार सीट काफी चर्चा में हैं। क्योंकि यहां मुख्य मुकाबला तीन महिलाओं के बीच ही देखा जा रहा है।

फिलहाल यह सीट भाजपा विधायक गायत्री देवी के पास है, जो हैट्रिक बनाने के लिए फिर से मैदान में उतरी हैं। उन्होंने 2020 के विधानसभा चुनाव में राजद की रितु जायसवाल को लगभग 2000 मतों के अंतर से हराया था।

राजद ने स्मिता गुप्ता को बनाया है उम्मीदवार

इस बार, राजद ने इस सीट पर स्मिता गुप्ता पर दांव खेला है। वहीं, राजद महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष रितु जायसवाल ने परिहार सीट से इस बार टिकट न मिलने की वजह से बागी तेवर अपना लिया है।

रितु इस सीट से निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में मैदान में उतर गईं हैं। बता दें कि स्मिता राजद के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष राम चंद्र पूर्वे की बहू हैं। 2024 के लोकसभा चुनाव में राजद ने शिवहर लोकसभा सीट से रितु को टिकट दिया था, लेकिन उन्हें हार का सामना करना पड़ा।

समर्थकों के कहने पर लड़ रही चुनाव- रितु

रितु ने मीडिया से बातचीत के दौरान कहा- मैंने अपने समर्थकों की मांग पर चुनाव लड़ने का फैसला किया है। पिछले विधानसभा चुनाव में उन्होंने मेरे लिए लड़ाई लड़ी थी, उसे मैं कैसे भूल सकती हूं, जिसमें मैं मामूली अंतर से हारी थी।

दूसरी ओर, स्मिता अपने ससुर की विरासत को फिर से स्थापित करने की कोशिश कर रही हैं, जिन्होंने कई बार पड़ोसी विधानसभा क्षेत्र सोनबरसा का प्रतिनिधित्व किया है।

स्मिता और रितु दोनों वैश्य समुदाय से

खास बात यह है कि स्मिता और रितु दोनों वैश्य समुदाय से हैं, जिनकी इस निर्वाचन क्षेत्र में अच्छी-खासी आबादी है। वहीं, भाजपा विधायक गायत्री यादव हैं। उन्होंने राजद के यादव मतदाताओं को असमंजस में डाल दिया है।

गायत्री ने खुलकर कह दिया है कि यादवों में मेरे समर्थक हैं, जो मुझे वोट देंगे। उन्होंने आगे कहा कि रितु और स्मिता के बीच मुकाबले ने उनकी जीत की संभावनाओं को बढ़ा दिया है।

पहले नौकरी करती थीं रितु

रितु पहले दिल्ली में नौकरी करती थीं। जिसे छोड़ने के बाद उन्होंने सिंगजवाहिनी पंचायत प्रमुख के रूप में अपना राजनीतिक सफर शुरू किया था। एक सरकारी कर्मचारी से विवाहित होने के कारण, उन्होंने गांव में ही रहने का फैसला किया।

इस क्षेत्र में मुस्लिम मतदाता मोटे तौर पर राजद की स्मिता के पक्ष में हैं। वहीं, इंदरबा गांव के मोहम्मद जावेद ने द न्यू इंडियन एक्सप्रेस से बातचीत के दौरान कहा- अगर राजद ने रितु जायसवाल को मैदान में उतारा होता, तो वह जीत जातीं। पलायन, बेरोजगारी और बाढ़ प्रमुख मुद्दे हैं।

Published on:
10 Nov 2025 02:03 pm