PM Ujjwala Yojana 2026: मोदी सरकार ने छात्रों और गरीबों को राहत देते हुए बड़ा जानकारी शेयर की है। सरकार ने शनिवार को बताया कि 10 अप्रैल को 51.5 लाख से ज्यादा घरेलू LPG सिलेंडर डिलीवर किए गए। केंद्र ने यह भी बताया कि उसी दिन पूरे देश में लगभग 1 लाख 5-kg FTL सिलेंडर […]
PM Ujjwala Yojana 2026: मोदी सरकार ने छात्रों और गरीबों को राहत देते हुए बड़ा जानकारी शेयर की है। सरकार ने शनिवार को बताया कि 10 अप्रैल को 51.5 लाख से ज्यादा घरेलू LPG सिलेंडर डिलीवर किए गए। केंद्र ने यह भी बताया कि उसी दिन पूरे देश में लगभग 1 लाख 5-kg FTL सिलेंडर बेचे गए, जबकि फरवरी 2026 में इनका रोजाना का औसत 77,000 था। पेट्रोलियम मंत्रालय ने बताया कि 23 मार्च, 2026 से अब तक छात्रों और प्रवासी मजदूरों जैसे कमजोर तबकों को 12 लाख से अधिक 5-kg Free Trade LPG सिलेंडर बेचे गए।
केंद्र सरकार ने बताया कि हर राज्य में प्रवासी मजदूरों को बांटने के लिए उपलब्ध 5-kg FTL सिलेंडरों की रोजाना की मात्रा को दोगुना किया जा रहा है। यह बढ़ोतरी 2-3 मार्च के दौरान प्रवासी मजदूरों को की गई औसत रोजाना सप्लाई (सिलेंडरों की संख्या) के आधार पर की जा रही है, जो 21.03.2026 के पत्र में बताई गई 20 प्रतिशत की सीमा से अधिक है।
ये 5-kg FTL सिलेंडर राज्य सरकारों के पास उपलब्ध रहेंगे, ताकि वे Oil Marketing Companies (OMCs) की मदद से अपने राज्य में सिर्फ़ प्रवासी मज़दूरों को ही इनकी सप्लाई कर सकें। सरकार ने बताया कि PSU OMCs ने पिछले 8 दिनों में 5-kg FTL सिलेंडरों के लिए लगभग 2,900 जागरूकता कैंप लगाए हैं, जिनमें 29,000 से ज़्यादा 5-kg FTL सिलेंडर बेचे भी गए।
मंत्रालय के अनुसार, नागरिकों को सलाह दी जाती है कि वे पेट्रोल, डीज़ल और LPG की घबराहट में खरीदारी न करें और जानकारी के लिए सिर्फ आधिकारिक स्रोतों पर ही भरोसा करें। LPG उपभोक्ताओं से अनुरोध है कि वे डिजिटल बुकिंग प्लेटफ़ॉर्म का इस्तेमाल करें और वितरकों के पास जाने से बचें। नागरिकों को PNG और इलेक्ट्रिक या इंडक्शन कुकटॉप जैसे दूसरे ईंधनों का इस्तेमाल करने के लिए प्रोत्साहित किया जाता है। सभी नागरिकों से आग्रह है कि वे मौजूदा हालात में अपने रोज़ाना के इस्तेमाल में ऊर्जा बचाएं।
मौजूदा भू-राजनीतिक हालात के बावजूद, सरकार ने घरेलू LPG और PNG की सप्लाई को प्राथमिकता दी है, साथ ही अस्पतालों और शिक्षण संस्थानों को भी उच्च प्राथमिकता दी है। बयान में आगे कहा गया, सरकार ने आपूर्ति और मांग, दोनों ही पक्षों पर पहले ही कई युक्तिसंगत उपाय लागू कर दिए हैं। इनमें रिफाइनरी उत्पादन बढ़ाना, शहरी क्षेत्रों में बुकिंग का अंतराल 21 दिन से बढ़ाकर 25 दिन और ग्रामीण क्षेत्रों में 45 दिन तक करना, तथा आपूर्ति के लिए विभिन्न क्षेत्रों को प्राथमिकता देना शामिल है।