राष्ट्रीय

Supreme Court on Chandigarh Mayoral Elections : ‘फिर होगी वोटों की गिनती, मान्य होंगे अमान्य 8 वोट’,उच्चतम न्यायालय ने सुनाया सख्त फैसला

Supreme Court on Chandigarh mayoral elections Invalid Votes will be valid : मुख्य न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़,जस्टिस जेबी पारदीवाला और जस्टिस मनोज मिश्रा की खंडपीठ ने कहा है कि चंडीगढ़ मेयर चुनाव में वोटों की फिर गिनती होगी। अमान्य घोषित किए गए 8 वोट अब मान्य होंगे।

2 min read
supreme_court_orders_chandigarh_mayor_election_8_invalid_votes_will_be_valid_.png

Supreme Court on Chandigarh Mayoral Elections Update: चंडीगढ़ मेयर चुनाव पर उच्चतम न्यायालय ने फैसला सुना दिया है। मुख्य न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़,जस्टिस जेबी पारदीवाला और जस्टिस मनोज मिश्रा की खंडपीठ ने कहा है कि चंडीगढ़ मेयर चुनाव में वोटों की फिर गिनती होगी। अमान्य घोषित किए गए 8 वोट अब मान्य होंगे। इसके साथ ही यह साफ हो गया है कि आप-कांग्रेस गठबंधन का प्रत्याशी अब मेयर बन जाएगा।

उच्चतम न्यायालय (Supreme Court) ने फैसला सुनाने से पहले खंडपीठ ने चुनाव के दिन का वीडियो (Video) देखा और बैलेट पेपर (Ballet Paper) की भी जांच की। गौरतलब है कि आम आदमी पार्टी (AAP) के पार्षद कुलदीप कुमार ने मेयर और डिप्टी मेयर के चुनाव में 8 वोट अवैध करार दिए जाने के पीठासीन अधिकारी के फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी थी।


उच्च्तम न्यायालय में 30 जनवरी 2024 को हुए चंडीगढ़ नगर निगम के मेयर चुनाव के मामले में सोमवार को हुई सुनवाई में पीठासीन अधिकारी अनिल मसीह ने बैलेट पेपर पर क्रास लगाना कुबूल कर लिया था। पीठासीन अधिकारी ने उच्चतम न्यायालय को बताया था कि उन्होंने ही बैलट पेपर पर क्रॉस लगाया था। इसी क्रास के कारण ही आम आदमी पार्टी और कांग्रेस गठबंधन की हार हो गई थी।

10 जनवरी : प्रशासन ने 18 जनवरी को मेयर चुनाव की अधिसूचना जारी की
15 जनवरी : आम आदमी पार्टी और कांग्रेस ने भाजपा के खिलाफ किया गठबंधन
30 जनवरी : भाजपा प्रत्याशी मनोज सोनकर मेयर बने। आप-कांग्रेस गठबंधन को हराया
31 जनवरी : चुनाव में धांधली का आरोप लगाते हुए आम आदमी पार्टी ने पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट का रुख किया। तुरंत राहत नहीं मिली।
5 फरवरी : आप ने सुप्रीम कोर्ट का रुख किया। कोर्ट ने कहा कि पीठासीन अधिकारी ने मतपत्रों को विकृत किया। यह लोकतंत्र की हत्या है। उन पर मुकदमा चलाया जाना चाहिए। 19 फरवरी को सुनवाई तय।
18 फरवरी : सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई से एक दिन पहले मनोज सोनकर ने मेयर पद इस्तीफा दिया। आप के तीन पार्षद भाजपा में शामिल
19 फरवरी : सुप्रीम कोर्ट ने अनिल मसीह को फटकार लगाई। बैलेट पेपर और वीडियो कोर्ट में मंगवाए। 20 फरवरी को फिर सुनवाई तय की।
20 फरवरी : उच्चतम न्यायालय ने आठों वोट को वैलेड माना। इसके साथ ही कहा कि यह मान्य होंगे। अब चुनाव में इसी आधार पर गिनती होगी और परिणाम घोषित किया जाएगा।

Updated on:
20 Feb 2024 05:06 pm
Published on:
20 Feb 2024 03:29 pm