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तमिलनाडु में अब कोयम्बत्तूर सेंट्रल जेल के बाहर से फरार हुआ विचाराधीन कैदी, फिर सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल

तमिलनाडु की कोयम्बत्तूर सेंट्रल जेल के बाहर से विचाराधीन कैदी राघवन फरार हो गया। घटना में लापरवाही के आरोप में चार पुलिसकर्मी निलंबित हुए। जेल सुरक्षा को लेकर विपक्ष ने सरकार पर निशाना साधा।
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Updated: 31 Oct 2026, 3:53 PM IST
Chennai Jail
कोयम्बत्तूर सेंट्रल जेल के बाहर से फरार हुआ विचाराधीन कैदी। (फोटो- पत्रिका)

तमिलनाडु में हाल के जेल फरारी मामलों के बीच शुक्रवार देर रात कोयम्बत्तूर सेंट्रल जेल के बाहर से एक विचाराधीन कैदी के फरार होने का मामला सामने आया है।

फरार कैदी की पहचान ईरोड निवासी राघवन के रूप में हुई है, जिसे लूटपाट के एक मामले में अन्नूर पुलिस ने गिरफ्तार किया था। तुरत-फुरत की कार्रवाई में लापरवाही बरतने के आरोप में चार पुलिसकर्मियों को निलंबित किया है।

पुलिसकर्मियों को चकमा देकर भाग निकला

जानकारी के अनुसार, अदालत से न्यायिक हिरासत में भेजे जाने के बाद राघवन को कोयम्बत्तूर सेंट्रल जेल लाया गया था। जेल परिसर के बाहरी गेट से भीतरी गेट तक ले जाते समय पुलिसकर्मियों ने उसके हाथों की हथकड़ी खोल दी थी। इसी दौरान राघवन पुलिसकर्मियों को चकमा देकर भाग निकला। घटना के बाद रेसकोर्स पुलिस ने मामला दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी है।

बताया जा रहा है कि यह दूसरा अवसर है जब राघवन पुलिस हिरासत से फरार हुआ है। इससे पहले अन्नूर में गिरफ्तारी के दौरान भी वह भाग निकला था, हालांकि, बाद में उसे पकड़ लिया गया था।

इस घटना ने तमिलनाडु की जेल सुरक्षा व्यवस्था पर नए सिरे से सवाल खड़े कर दिए हैं। हाल ही में चेन्नई की पूझल सेंट्रल जेल और तेनी जिले की थेक्कमपट्टी उप-जेल से कैदियों के फरार होने की घटनाएं सामने आई थीं।

जेल सुरक्षा पर विपक्ष का सरकार पर हमला

कोयम्बत्तूर सेंट्रल जेल से विचाराधीन कैदी राघवन के फरार होने के बाद विपक्षी दलों ने राज्य सरकार की जेल सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं।

पीएमके अध्यक्ष अंबुमणि रामदास ने घटना को सुरक्षा में गंभीर लापरवाही का परिणाम बताते हुए कहा कि हाल के दिनों में चेन्नई और तेनी की जेलों से भी कैदियों के फरार होने की घटनाएं सामने आई हैं।

उन्होंने कहा कि कैदियों के इस तरह बार-बार भागने की घटनाएं पूरी तरह अस्वीकार्य हैं। अंबुमणि ने जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने और राज्य की सभी जेलों में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग की।

एआइएडीएमके ने बोला हमला

वहीं, एआइएडीएमके महासचिव एडपाडी के. पलनीस्वामी ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर सरकार की आलोचना करते हुए कहा कि जेल से कैदियों के फरार होने की घटनाएं अब एक टीवी धारावाहिक की तरह लगातार दोहराई जा रही हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि मौजूदा सरकार के दौरान ऐसी घटनाएं आम होती जा रही हैं।

पलनीस्वामी ने यह भी सवाल उठाया कि जब मुख्यमंत्री ने कुछ घंटे पहले ही जेल कर्मचारियों को लापरवाही नहीं बरतने की चेतावनी दी थी, तब भी यह घटना कैसे हो गई। उन्होंने कहा कि केवल सुरक्षा बढ़ाने के दावे पर्याप्त नहीं हैं, बल्कि जमीनी स्तर पर प्रभावी कार्रवाई की जरूरत है।

सीएम उपचुनाव क्षेत्रों में दौड़ रहे, कैदी जेल से- उदयनिधि

यम्बत्तूर सेंट्रल जेल से विचाराधीन कैदी राघवन के फरार होने के मामले को लेकर विपक्ष के नेता उदयनिधि स्टालिन ने राज्य की टीवीके सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि एक ओर मुख्यमंत्री उपचुनाव वाले निर्वाचन क्षेत्रों में हार के डर से दौड़ रहे हैं, वहीं दूसरी ओर कैदी जेलों से भाग रहे हैं।

उदयनिधि स्टालिन ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर पोस्ट कर कहा कि पूझल और तेनी जेलों की घटनाओं के बाद अब कोयम्बत्तूर सेंट्रल जेल से भी एक कैदी के भागने से राज्य की कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि कैदी अब चुन-चुनकर यह तय कर रहे हैं कि अगली बार किस जेल से भागना है।

'मुख्यमंत्री को स्वयं को ही निलंबित कर लेना चाहिए'

उदयनिधि ने कहा कि यदि लापरवाही के लिए किसी को निलंबित किया जाना चाहिए तो मुख्यमंत्री को स्वयं को ही निलंबित कर लेना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार की ढिलाई के कारण तमिलनाडु के लोगों की सुरक्षा लगातार सवालों के घेरे में आती जा रही है।

Updated on:
31 Oct 2026, 3:53 PM IST
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