
Congress MLA Resign News: कर्नाटक की राजनीति में एक और बड़ा उथल-पुथल का मंजर देखने को मिला है। कांग्रेस पार्टी के विधायक यशवंतराय गौड़ा पाटिल ने अचानक अपना विधायक पद छोड़ने का फैसला ले लिया।
उन्होंने इंडी तालुका को सूखा प्रभावित घोषित न किए जाने के खिलाफ अपना विरोध जताया है। यह फैसला स्थानीय किसानों के बीच काफी चर्चा का विषय बन गया है।
पाटिल ने मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार को अपना इस्तीफा सौंप दिया है। साथ ही विधानसभा अध्यक्ष के कार्यालय में भी औपचारिक रूप से इस्तीफा पत्र जमा कर दिया गया है।
कांग्रेस विधायक ने कहा कि इलाके में सूखे की स्थिति बहुत गंभीर है, लेकिन सरकार अभी तक इसे आधिकारिक तौर पर मान्यता नहीं दे पाई है। इससे किसानों को राहत मिलने में देरी हो रही है।
इंडी तालुका में पिछले कुछ समय से बारिश की कमी साफ दिख रही है। खेतों में पानी की कमी के कारण फसलें सूख रही हैं। कई किसान कर्ज के बोझ तले दबे हुए हैं। ऐसे में विधायक का यह कदम किसानों की तकलीफ को मुख्यधारा में लाने की कोशिश माना जा रहा है।
समर्थकों का कहना है कि पाटिल ने सही समय पर आवाज उठाई है। हालांकि, इस बारे में सरकार की तरफ से अभी कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है। मुख्यमंत्री कार्यालय से संपर्क करने पर भी कोई ठोस जवाब नहीं मिला। विपक्षी दल इसे सरकार की लापरवाही बता रहे हैं।
कांग्रेस के कुछ नेता पाटिल के फैसले का समर्थन कर रहे हैं, तो कुछ चुप हैं। पार्टी के अंदर भी इस इस्तीफे को लेकर अलग-अलग राय चल रही है। पाटिल लंबे समय से इस क्षेत्र के प्रतिनिधि रहे हैं।
उन्होंने पहले भी किसानों के मुद्दों पर सरकार से बातचीत की थी। लेकिन इस बार इस्तीफे का रास्ता चुनना दिखाता है कि मामला कितना गंभीर हो गया है। इलाके के किसान संगठनों ने भी उनके इस कदम की सराहना की है। कई जगहों पर छोटे-छोटे प्रदर्शन भी हो रहे हैं। पाटिल का इस्तीफा कांग्रेस के लिए बड़ा झटका है।