राष्ट्रीय

Delhi Air Pollution: दिल्ली में प्रदूषण से हाहाकार BJP ने मांगा AAP से जवाब, लोगों की जल रहीं आंखें और सांस लेना भी मुश्किल

Air Pollution: दिल्ली के रहने वाले अभिमन्यु झा का कहना है कि मैं तो यही कहूंगा कि प्रदूषण अब जानलेवा हो गया है।

3 min read

Delhi Air Pollution: देश की राजधानी दिल्ली में हर साल दिवाली के बाद वायु प्रदूषण खतरनाक स्तर पर पहुंच जाता है। बीते कुछ दिनों से दिल्ली धुंध की चादर में लिपटी हुई है। राजधानी में बुधवार की सुबह स्मॉग की वजह से आम लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ा। सुबह से ही भारी स्मॉग की वजह से शहर की सड़कों पर दृश्यता काफी कम हो गई। लोग इंडिकेटर चालू करके गाड़ी चल रहे है।

शहजाद पूनावाला ने मांगा AAP से जवाब

भाजपा नेता शहजाद पूनावाला ने कहा, AQI सारी हदें पार कर रहा है। आज दिल्ली गैस चेंबर बन चुकी है। AAP पंजाब की पराली को रोज दोष देती थी आज पंजाब में 6000 से अधिक घटनाएं पराली जलाने की हुई हैं उस पर एक शब्द नहीं कह रही। दिल्ली के प्रदूषण के जो अंदरुनी कारण हैं उस पर भी वे कुछ नहीं कहेंगे। जिन स्मॉग टावरों को 23-24 करोड़ रुपये खर्च करके बनाया गया है वो भी चल नहीं रहे हैं। इसका सीधा-सीधा मतलब ये है कि जो प्रदूषण आप देख रहे हैं उसके लिए AAP सीधे-सीधे जिम्मेदार हैं। हमारे फेफड़ों पर भी हमला है और अगर यमुना का पानी पीए तो वो हमारे पेट पर भी हमला है।

अब जानलेवा हो गया है प्रदूषण

दिल्ली के रहने वाले अभिमन्यु झा का कहना है कि मैं तो यही कहूंगा कि प्रदूषण अब जानलेवा हो गया है। लोग कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों का शिकार हो रहे हैं, और फेफड़े भी खराब हो रहे हैं। हम गरीब लोग तो इसे सहते हैं, क्योंकि प्रदूषण में चलने के अलावा कोई रास्ता नहीं है। लेकिन अगर अमीर लोग अपनी गाड़ियों में कोई नया सिस्टम अपनाएं, जो प्रदूषण कम कर सकते हैं। प्रदूषण अब इतना खतरनाक हो गया है, और यह हर साल बढ़ता ही जा रहा है। जैसे शहर के कुछ इलाकों में थोड़ा फर्क दिखता है, लेकिन हाईवे पर तो हालात बहुत खराब हैं।”

दिल्ली सरकार का छिड़काव सिर्फ दिखावा, लगातार बढ़ रहा है प्रदूषण

अभिमन्यु झा ने कहा है कि आज तो बस शुरुआत है, ठंड अभी बाकी है, और हर साल यह समस्या और बढ़ती जा रही है। दिल्ली सरकार ने जो छिड़काव शुरू किया है, वह दिखावा जैसा लगता है, क्योंकि प्रदूषण कम होने के बजाय लगातार बढ़ रहा है। गाड़ियों में कोई बदलाव नहीं किए जा रहे, जो हो रहा है वह पूरी तरह से नाकाफी है। हरियाणा और पंजाब में पराली जलाना भी जारी है, और हर कोई एक-दूसरे पर दोष लगा रहा है। सरकार को अब सिर्फ आरोप-प्रत्यारोप में नहीं, बल्कि ठोस उपायों पर ध्यान देना चाहिए। अगर ऐसा नहीं किया गया तो आने वाले दो-चार सालों में गरीब लोग तो बीमारी का शिकार हो जाएंगे।

आंखों में जलन, सांस लेना भी मुश्किल

काम पर निकले बुद्ध सिंह ने बताया, आज सड़कों पर इतनी धुंध है, कि जैसे कोई कोहरा सा छाया हुआ हो। आंखों में जलन हो रही है और सांस लेना भी मुश्किल हो रहा है। हम तो काम पर निकले हैं, लेकिन सामने का रास्ता ही नजर नहीं आ रहा। हर बार सरकार प्रदूषण कम करने के दावे करती है, लेकिन हर बार हालत और खराब होते जा रहे हैं। इस बार भी खर्चे तो बढ़ ही रहे हैं, और प्रदूषण पहले से कहीं ज्यादा बढ़ चुका है। अब यह हालत इतनी खराब हो गई है कि प्रदूषण कम करने के सभी दावे सिर्फ बातें ही बनकर रह गए हैं। आजकल सड़कों पर दृश्यता बहुत कम हो गई है। मुझे अपनी ड्यूटी पर जाते हुए भी रास्ता साफ से नहीं दिख रहा।

बचाव के लिए करें ये उपाय

— प्रदूषित हवा से बचाव के लिए घर से बाहर निकलने के दौरान मास्क लगाना जरूरी है।
— आंखों को बचाने के लिए चश्मा का प्रयोग कर सकते हैं।
— ध्यान दें कि आंखों पर लगे चश्मे और चेहरे पर लगे मास्क को बार-बार न छूए।
— एक मास्क का प्रयोग बार-बार न करें। क्योंकि, इससे आप कई तरह के इंफेक्शन के शिकार हो सकते हैं।
— घर के बाहर धूल-मिट्टी न उड़ने दें। ज्यादा से ज्यादा घर के बाहर की सतह को गीला रखें।
— प्रदूषण के दौरान मॉर्निंग वॉक को अभी कुछ दिनों के लिए टाल दें।

Updated on:
13 Nov 2024 02:13 pm
Published on:
13 Nov 2024 11:03 am
Also Read
View All

अगली खबर