दिल्ली के कपासहेड़ा में हाई टेंशन तार की चपेट में आने से एक मजदूर की मौत हो गई है, दूसरा गंभीर रूप से घायल है।
दिल्ली के कपासहेड़ा इलाके में गुरुवार दोपहर एक दर्दनाक हादसे ने सभी को झकझोर दिया। हाई टेंशन बिजली के तार की चपेट में आने से एक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि दूसरा गंभीर रूप से घायल होकर अस्पताल में भर्ती है। यह घटना दोपहर करीब ढाई बजे हुई, जिसके बाद पुलिस ने कार्रवाई शुरू की।
जानकारी के अनुसार, दोनों शख्स एक निर्माणाधीन मकान में काम कर रहे थे। इनमें एक राजमिस्त्री और एक मजदूर शामिल थे। स्थानीय लोगों ने बताया कि काम के दौरान एक छोटी सी लापरवाही ने बड़ा हादसा खड़ा कर दिया।
दरअसल, पहली मंजिल पर मौजूद झूलन नामक मजदूर ने एक लंबा बांस उठाकर दूसरी मंजिल पर काम कर रहे राजकुमार को देने की कोशिश की। इसी दौरान बांस ऊपर से गुजर रहे हाई टेंशन बिजली के तार से टकरा गया। जैसे ही संपर्क हुआ, तेज करंट पूरे बांस में दौड़ गया और दोनों मजदूर इसकी चपेट में आ गए।
करंट लगते ही जोरदार झटका लगा, जिससे राजकुमार नीचे पहली मंजिल पर गिर पड़े, जबकि झूलन वहीं बेहोश होकर गिर गए। आसपास मौजूद लोगों ने तुरंत एंबुलेंस बुलाकर दोनों को अस्पताल पहुंचाया।
अस्पताल में इलाज के दौरान 45 वर्षीय राजकुमार ने दम तोड़ दिया। वह हरियाणा के समालखा स्थित सोनिया गांधी कैंप के निवासी थे। वहीं, 32 वर्षीय झूलन, जो मूल रूप से बिहार के रहने वाले हैं, का इलाज अभी जारी है और उनकी हालत गंभीर बनी हुई है।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। क्राइम टीम को भी बुलाया गया है ताकि हादसे के सभी पहलुओं की जांच की जा सके। मृतक के शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
घटना के बाद इलाके के लोगों में गहरा आक्रोश और डर का माहौल देखने को मिला। स्थानीय निवासियों का कहना है कि निर्माण स्थलों के पास से गुजर रही हाई टेंशन बिजली लाइनों को लेकर पहले भी कई बार शिकायतें की जा चुकी हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि ऐसे खतरनाक तारों को सुरक्षित ऊंचाई पर शिफ्ट किया जाए या निर्माण कार्य के दौरान विशेष सुरक्षा उपाय सुनिश्चित किए जाएं, ताकि भविष्य में इस तरह के हादसों को रोका जा सके।