अरुणाचल प्रदेश की तीन लड़कियों के साथ नस्लीय टिप्पणी की आरोपी महिला को गिरफ्तार कर लिया गया है।
नई दिल्ली के मालवीय नगर इलाके में अरुणाचल प्रदेश की तीन लड़कियों के साथ कथित नस्लीय टिप्पणी और अभद्र व्यवहार का मामला सामने आया है। एयर कंडीशनर (AC) लगाने को लेकर शुरू हुआ एक मामूली पड़ोसी विवाद देखते ही देखते गंभीर आरोपों में बदल गया। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पुलिस ने आरोपी महिला को गिरफ्तार कर लिया गया है।
जानकारी के अनुसार, अरुणाचल प्रदेश की रहने वाली तीन युवतियां अपने किराए के फ्लैट में AC लगवा रही थीं। इंस्टॉलेशन के दौरान ड्रिलिंग से उठी धूल-मिट्टी नीचे वाले फ्लैट की ओर गिर गई। नीचे रहने वाली पड़ोसी महिला ने इस पर आपत्ति जताई। शुरुआत में यह सामान्य पड़ोसी विवाद जैसा प्रतीत हो रहा था, लेकिन कुछ ही देर में स्थिति तनावपूर्ण हो गई। आरोप है कि महिला ने गुस्से में युवतियों के खिलाफ नस्लीय और आपत्तिजनक टिप्पणियां कीं। इसी दौरान किसी ने पूरी घटना का वीडियो रिकॉर्ड कर लिया, जो बाद में सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया।
वायरल वीडियो में आरोपी महिला को कथित तौर पर अभद्र भाषा का इस्तेमाल करते हुए सुना और देखा जा सकता है। वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर तीखी प्रतिक्रियाएं देखने को मिलीं। कई यूजर्स ने इसे नस्लीय भेदभाव का मामला बताते हुए सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की। पूर्वोत्तर भारत के नागरिकों के साथ भेदभाव को लेकर पहले भी बहस होती रही है, और इस घटना ने इस संवेदनशील मुद्दे को एक बार फिर सुर्खियों में ला दिया है।
घटना के बाद पीड़ित युवतियों ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई। शुरुआती जांच में वायरल वीडियो और अन्य साक्ष्यों को ध्यान में रखते हुए संबंधित धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया। जांच के दौरान पुलिस ने पाया कि मामले में अनुसूचित जाति और जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम की धाराएं भी लागू हो सकती हैं। इसके बाद केस में इन प्रावधानों को जोड़ा गया।
जांच आगे बढ़ने के साथ पुलिस ने आरोपी महिला, जिसकी पहचान रूबी जैन के रूप में हुई है, को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तारी के बाद पूछताछ जारी है और मामले की जांच एसीपी स्तर के अधिकारी की निगरानी में की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि वायरल वीडियो के अलावा अन्य साक्ष्यों की भी बारीकी से जांच की जा रही है, ताकि पूरे घटनाक्रम की सच्चाई सामने लाई जा सके।