
Collateral Free Agricultural Loan Limit Increased: भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने कोलैटरल फ्री कृषि लोन की सीमा को 1.6 लाख रुपये से बढ़ाकर 2 लाख रुपये कर दिया है। सरकार की कोशिश छोटे और सीमांत किसानों को ज्यादा से ज्यादा लाभ पहुंचाना है। इसके साथ ही केंद्रीय बैंक की ओर से वित्तीय समावेशन सुनिश्चित करने के लिए स्मॉल फाइनेंस बैंक (Small Finance Bank) को यूपीआई (UPI) के माध्यम से पूर्व-स्वीकृत क्रेडिट लाइनें देने की अनुमति दे दी गई है। RBI की ओर से इन दोनों निर्णय का ऐलान शुक्रवार की MPC के बाद किया गया।
RBI ने जारी बयान में कहा कि तब से लेकर अब तक की कुल मुद्रास्फीति और कृषि इनपुट लागत में वृद्धि को ध्यान में रखते हुए, बिना कुछ गिरवी के कृषि लोन की सीमा 1.6 लाख रुपये से बढ़ाकर 2 लाख रुपये करने का डिसिजन लिया गया है। कोलैटरल फ्री कृषि लोन के लिए पहले यह लिमिट 1.60 लाख रुपये थी। इसको 2019 में तय किया गया था। इससे औपचारिक ऋण प्रणाली में छोटे और सीमांत किसानों का कवरेज बढ़ेगा। RBI ने कहा, "UPI पर क्रेडिट लाइन में नए ग्राहकों को कम-टिकट, कम-अवधि के लोन उपलब्ध कराने की क्षमता है। SFB ग्राहकों तक पहुंचने के लिए एक उच्च तकनीक, कम लागत वाले मॉडल पर काम करते हैं और इससे पहुंच बढ़ाने में मदद मिलेगी।"