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केरलम के पूर्व CM पिनराई विजयन की बेटी वीना टी के मनी लॉन्ड्रिंग मामले में नया मोड़, ED से मांगा समय

केरलम के पूर्व CM पिनराई विजयन की बेटी वीना टी ने CMRL मनी लॉन्ड्रिंग मामले में स्वास्थ्य कारणों का हवाला देते हुए ED समन पर पेश होने के लिए टाइम मांगा है।

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Jun 11, 2026
Veena T CMRL PMLA case
वीना टी ने ED समन पर पेशी के लिए मांगा समय (Patrika Graphic)

CMRL PMLA Case: केरलम के पूर्व मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन (Pinarayi Vijayan) की बेटी वीना टी (Veena T) से जुड़े कथित मनी लॉन्ड्रिंग मामले में एक नया मोड़ सामने आया है। कोचीन मिनरल्स एंड रूटाइल लिमिटेड (CMRL) केस में प्रवर्तन निदेशालय (ED) द्वारा जारी समन पर वीना टी ने शुक्रवार को पेश होने में आपत्ति जताई है। सूत्रों के अनुसार, उन्होंने हेल्थ प्रॉब्लम्स का हवाला देते हुए ईमेल के जरिए से ईडी (ED) से समय मांगा है और अपनी पेशी को स्थगित करने का अनुरोध किया है।

नई तारीख की संभावना

ED ने वीना टी को कोच्चि स्थित अपने कार्यालय में पूछताछ के लिए बुलाया था। हालांकि, अब संभावना जताई जा रही है कि जांच एजेंसी उन्हें एक नई तारीख पर दोबारा समन जारी कर सकती है। इसी बीच, यह भी कहा जा रहा है कि वीना टी की ओर से उनके वकील जल्द ही मामले से जुड़े सभी आवश्यक दस्तावेज जांच एजेंसी को सौंप सकते हैं।

CMRL से जुड़े लेन-देन पर गंभीर आरोप

यह पूरा मामला कोचीन मिनरल्स एंड रूटाइल लिमिटेड (Cochin Minerals and Rutile Limited (CMRL)) के वित्तीय लेन-देन से जुड़ा हुआ है। ईडी के आरोपों के मुताबिक, वीना टी की आईटी कंसल्टेंसी कंपनी Exalogic Solutions Private Limited को बिना किसी वास्तविक सेवा के करीब 2.78 करोड़ रुपये का भुगतान किया गया। इसके अलावा, Empower India Capital Investments Private Limited द्वारा लगभग 50 लाख रुपये का लोन भी दिया गया था, जिसे समय पर वापस नहीं किया गया।

प्रोसीड्स ऑफ क्राइम का आरोप

प्रवर्तन निदेशालय का दावा है कि CMRL के प्रबंधन, जिसमें कंपनी के वरिष्ठ अधिकारी और वीना टी शामिल हैं, ने इन वित्तीय लेन-देन के जरिए अपराध की आय (Proceeds of Crime) अर्जित की।

SFIO रिपोर्ट से शुरू हुई जांच की जड़ें

इस पूरे मामले की शुरुआत कॉरपोरेट मामलों के मंत्रालय की जांच इकाई Serious Fraud Investigation Office (SFIO) की रिपोर्ट से हुई थी। रिपोर्ट के आधार पर ईडी ने अप्रैल 2025 में एर्नाकुलम की अदालत में प्रवर्तन मामला दर्ज किया।

2019 की आयकर छापेमारी से खुली परतें

CMRL पर सबसे पहले 2019 में आयकर विभाग (Income Tax Department) की छापेमारी के दौरान गंभीर वित्तीय अनियमितताओं के संकेत मिले थे। जांच में करीब 130 करोड़ रुपये के कथित फर्जी खर्चों और संदिग्ध लेन-देन का खुलासा हुआ था, जिसके बाद मामला धीरे-धीरे कई एजेंसियों के दायरे में आ गया।

Updated on:
11 Jun 2026 11:44 am
Published on:
11 Jun 2026 11:16 am