Assam CM Himanta Biswa Sarma: असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा 12 मई को दूसरी बार मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे। चार मंत्री भी शपथ ग्रहण करेंगे और रंजीत दास को विधानसभा अध्यक्ष पद का उम्मीदवार बनाया गया है।
Himanta Biswa Sarma Oath Ceremony: असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा मंगलवार, 12 मई को दूसरी बार मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे। इस शपथ ग्रहण समारोह में उनके साथ चार मंत्री भी शपथ लेंगे, जबकि विधानसभा अध्यक्ष पद के लिए रंजीत दास को उम्मीदवार बनाया गया है। समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की उपस्थिति रहेगी और केंद्रीय मंत्री भी शामिल होंगे।
शपथ ग्रहण समारोह से पहले हिमंता बिस्वा सरमा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर नई सरकार में शामिल होने वाले मंत्रियों के नामों की घोषणा की है। उनके अनुसार, मंत्रिमंडल में शामिल होने वाले चार नेता हैं रामेश्वर तेली, अतुल बोरा, चरण बोरो और अजंता नियोग।
हिमंता बिस्वा सरमा ने कहा कि नई टीम पूरी प्रतिबद्धता के साथ मजबूत, विकसित और समृद्ध असम के निर्माण के लिए काम करेगी। उन्होंने सभी नेताओं को बधाई दी और कहा कि राज्य के विकास के लिए सभी एकजुट होकर प्रयास करेंगे।
मुख्यमंत्री ने यह भी जानकारी दी कि असस विधानसभा के स्पीकर पद के लिए रंजीत दास को उम्मीदवार बनाया गया है। यह निर्णय विधानसभा की कार्यवाही को सुचारू रूप से चलाने और राज्य में मजबूत प्रशासनिक नेतृत्व सुनिश्चित करने के लिए लिया गया है।
शपथ ग्रहण समारोह सुबह 11 बजे गुवाहाटी के खानापाड़ा इलाके में स्थित पशु चिकित्सा महाविद्यालय के खेल मैदान में आयोजित किया जाएगा। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के अलावा केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, भाजपा के पूर्व अध्यक्ष जेपी नड्डा और एनडीए शासित राज्यों के कई केंद्रीय मंत्री तथा मुख्यमंत्री भी उपस्थित रहेंगे।
हाल ही में संपन्न असम विधानसभा चुनाव में भाजपा के नेतृत्व वाले राष्ट्रीय लोकतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) को शानदार जीत मिली। 126 सदस्यीय विधानसभा में NDA ने 102 सीटें जीतीं, जबकि भाजपा ने अकेले 82 सीटें हासिल की है। इस जीत के बाद हिमंता बिस्वा सरमा लगातार दूसरी बार मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने जा रहे हैं।
हिमंता बिस्वा सरमा की नई टीम और स्पीकर पद के लिए उम्मीदवार तय होने के साथ ही असम में शासन और प्रशासनिक प्रक्रिया की तैयारी पूरी हो चुकी है। शपथ ग्रहण समारोह में प्रधानमंत्री और केंद्रीय मंत्रियों की उपस्थिति इसे और भी महत्वपूर्ण बना देती है। नई सरकार का मुख्य फोकस राज्य के विकास और समृद्धि पर रहेगा।