राष्ट्रीय

IIT मद्रास के पूर्व छात्र ने UPSC किया पास, सिविल सर्विस करने के कुछ साल बाद ही छोड़ दी नौकरी

आईआईटी मद्रास के एक पूर्व छात्र ने कुछ ऐसा किया जिसके बारे में जानकर आप हैरान रह जाएंगे। क्या है पूरा मामला? आइए जानते हैं।
2 min read
Sep 17, 2026
UPSC
UPSC (Photo - ANI)

यूपीएससी (UPSC) पास करना देश में कई लोगों का सपना है। इस सपने को हकीकत में बदलने के लिए कई उम्मीदवार सालों तक मेहनत करते हैं। चयन होने के बाद बहुत कम लोग होते हैं जो सिविल सर्विस को छोटे हैं, लेकिन आईआईटी मद्रास (IIT Madras) के एक पूर्व छात्र ने ऐसा ही किया। हम बात कर रहे हैं भरणी वी.एल.एस.वी.एस.एस. (Bharani Vlsvss) की, जिसने सिविल सर्विस जॉइन करके नौकरी छोड़ दी।

चुना प्राइवेट सेक्टर

प्राइवेट सेक्टर छोड़कर भरणी ने यूपीएससी पास करके इंडियन ट्रेड सर्विस जॉइन की। लेकिन फिर भरणी ने कुछ ऐसा किया जो बहुत से लोग करने की सोचते भी नहीं हैं। उसने यह सरकारी नौकरी छोड़कर प्राइवेट सेक्टर में लौटने का फैसला लिया।

क्यों छोड़ी सिविल सर्विस?

लगभग 6 साल सिविल सर्विस में नौकरी करने के बाद भरणी ने सरकारी नौकरी छोड़कर प्राइवेट सेक्टर में वापसी की। क्या रही इसके ऐसा करने की वजह? आइए नज़र डालते हैं।

सेवाओं के बीच असमानता

एक ही परीक्षा पास करने के बावजूद ‘एलीट’ सेवाओं (जैसे IAS) और अन्य सेवाओं में अवसर, काम की परिस्थितियाँ, संस्थागत सम्मान और जीवन की गुणवत्ता में बड़ा अंतर है। यह सिर्फ प्रतिष्ठा या सुविधाओं की बात नहीं।

विशेषज्ञों के लिए सीमित गुंजाइश

सरकारी कामकाज जटिल हो चुका है, विशेषज्ञों की जरूरत बढ़ रही है। फिर भी सिस्टम जनरलिस्ट्स पर आधारित है। विशेषज्ञों को निर्णय लेने और आगे बढ़ने का कम मौका मिलता है।

संतुष्टि और जवाबदेही की कमी

काम करने या न करने से ज़्यादा फर्क नहीं पड़ता। जवाबदेही असमान है। करियर ग्रोथ अक्सर असली प्रदर्शन से ज़्यादा आपकी सेवा पर निर्भर करती है।

रुचि में बदलाव

समय के साथ भरणी की रुचि टेक्नोलॉजी, पॉलिसी और बिज़नेस की ओर बढ़ी, जहाँ विचारों को तेज़ी से टेस्ट और लागू किया जा सकता है।

व्यक्ति पर असर छोड़ती हैं चीज़ें

भरणी का मानना है कि जितना ज़्यादा समय सिस्टम में बिताओ, बाहर निकलना और नई शुरुआत करना उतना मुश्किल हो जाता है। ये चीज़ें व्यक्ति पर अपना असर छोड़ती हैं। भरणी ने कहा कि सरकारी सेवा सम्मानजनक थी, लेकिन संस्थागत समस्याओं पर चुप नहीं रहना चाहिए।

यूपीएससी अभ्यर्थियों को दी सलाह

भरणी ने यूपीएससी अभ्यर्थियों को सलाह दी है। उसका मानना है कि कि अभ्यर्थियों को सिर्फ समाज के दबाव में सिविल सर्विस चुनकर अपने साल बर्बाद नहीं करने चाहिए।

Updated on:
17 Sept 2026 07:46 pm
Published on:
17 Sept 2026 07:45 pm