
नई दिल्ली। दिल्ली के रामलीला मैदान में आयोजित INDIA गठबंधन की महारैली में कांग्रेस नेता सचिन पायलट ने केंद्र सरकार और चुनाव आयोग पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि देशभर से लोग न्याय की मांग करने, लोकतंत्र बचाने और वोटों की चोरी के खिलाफ आवाज उठाने दिल्ली पहुंचे हैं। देशभर में माहौल बदल रहा है और अब तानाशाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। पायलट ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर भी सवाल उठाए। उन्होंने उनके खिलाफ कार्रवाई को गैरकानूनी बताते हुए कहा कि ज्ञानेश कुमार को अपने पद से जाना चाहिए।
सचिन पायलट ने कहा कि लोकतंत्र में शासन जनता का होता है। चुनाव में जीत हो या हार, जनता हमेशा सबसे आगे रहनी चाहिए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस गांधीवादी विचारधारा वाली पार्टी है और अहिंसा, प्रेम, सद्भाव तथा सभी को साथ लेकर चलने में विश्वास रखती है।
कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने कहा कि लोगों का मुख्य चुनाव आयुक्त से भरोसा उठ गया है। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची से करीब 13 करोड़ नाम हटाकर कोई निष्पक्ष व्यक्ति भारत का राजनीतिक भविष्य तय नहीं कर सकता। शशि थरूर ने कहा कि देश में लोगों को मतदान का अधिकार मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि वे ऐसे व्यक्ति को मुख्य चुनाव आयुक्त के पद पर नहीं देखना चाहते, जिस पर निष्पक्षता को लेकर सवाल उठ रहे हों। थरूर ने मतदाता सूची से बड़ी संख्या में नाम हटाए जाने का आरोप लगाते हुए कहा कि किसी भी लोकतंत्र में लोगों के वोट देने के अधिकार की रक्षा करना जरूरी है।
कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने कहा कि उन्होंने अपनी पूरी जिंदगी में दिल्ली में ऐसी रैली नहीं देखी। मौजूदा राजनीतिक माहौल में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार के खिलाफ इतनी बड़ी संख्या में लोगों का जुटना अपने आप में खास है। अधीर रंजन चौधरी ने कहा कि रैली में उमड़ी भीड़ से साफ है कि भाजपा की सत्ता से विदाई का समय तय हो चुका है। उन्होंने कहा कि भाजपा की विदाई अब निश्चित होती दिख रही है।