DGCA के निर्देश पर इंडिगो ने अपने शीतकालीन शेड्यूल में 10% की कटौती करते हुए 717 उड़ान स्लॉट सरेंडर किए हैं। दिल्ली, मुंबई और बेंगलुरु जैसे बड़े शहरों में उड़ानों की कमी से हवाई किराए बढ़ने की आशंका है। पूरी रिपोर्ट यहां पढ़ें।
देश की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो को डीजीसीए (DGCA) के निर्देश पर अपने शीतकालीन उड़ान कार्यक्रम में 10 प्रतिशत कटौती करनी पड़ी है। इसके चलते इंडिगो ने देशभर के घरेलू हवाई अड्डों पर 717 उड़ान स्लॉट सरेंडर किए हैं।
इनमें से 364 स्लॉट दिल्ली, मुंबई, चेन्नई, कोलकाता, बेंगलूरु और हैदराबाद जैसे छह बड़े महानगरों के हैं। बेंगलुरु और हैदराबाद में सबसे ज्यादा स्लॉट छोड़े गए, जो इन प्रमुख हब्स पर परिचालन में बड़ी कटौती को दर्शाता है।
दरअसल, दिसंबर की शुरुआत में खराब मौसम, भीड़ और परिचालन चुनौतियों के कारण इंडिगो की उड़ानों में भारी देरी और कैंसिलेशन हुए थे। यात्रियों की सुरक्षा और भरोसेमंद संचालन सुनिश्चित करने के लिए डीजीसीए ने यह कदम उठाया।
भीड़भाड़ वाले हवाई अड्डों पर स्लॉट बेहद अहम होते हैं, क्योंकि इनसे कनेक्टिविटी, बाजार हिस्सेदारी और राजस्व प्रभावित होता है। विशेषज्ञों के अनुसार, हाल-फिलहाल में सीटों की उपलब्धता घट सकती है और कुछ मार्गों पर किराए बढ़ने की आशंका है।