गणतंत्र दिवस के मौके पर जम्मू-कश्मीर के सांबा में BSF ने एक पाकिस्तानी घुसपैठिए को मार गिराया, वहीं कठुआ में संदिग्ध ड्रोन दिखने के बाद एंटी-ड्रोन सिस्टम सक्रिय किया गया है। सीमा पर सुरक्षा बल हाई अलर्ट पर हैं।
गणतंत्र दिवस (Republic Day) के मौके पर पाकिस्तान की ओर से भारतीय सीमा में अशांति फैलाने की नापाक साजिश को सुरक्षाबलों ने विफल कर दिया है। जम्मू-कश्मीर के सांबा जिले में सीमा पर मुस्तैद सीमा सुरक्षा बल (BSF) के जवानों ने एक पाकिस्तानी घुसपैठिए को मार गिराया। सीमा पार से घुसपैठ की यह कोशिश गणतंत्र दिवस के जश्न में खलल डालने के इरादे से की गई प्रतीत होती है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह घटना सांबा के रामगढ़ सेक्टर की है। रात के घने अंधेरे और कोहरे का लाभ उठाकर एक पाकिस्तानी घुसपैठिया चोरी-छिपे भारतीय सीमा में प्रवेश करने की कोशिश कर रहा था। हालांकि, सीमा पर तैनात BSF के जवान आधुनिक 'थर्मल इमेजिंग तकनीक' के जरिए निरंतर निगरानी कर रहे थे। जैसे ही घुसपैठिए ने संदिग्ध हरकत की, वह जवानों की नजर में आ गया। जवानों ने उसे सरेंडर करने के लिए ललकारा, लेकिन उसने रुकने के बजाय छिपने और वापस भागने का प्रयास किया। इसके बाद जवानों ने तत्काल गोलीबारी की, जिसमें घुसपैठिया मौके पर ही ढेर हो गया।
इस घटना के तुरंत बाद पूरे रामगढ़ सेक्टर की घेराबंदी कर दी गई है। सुरक्षा एजेंसियां यह जांच रही हैं कि क्या मारा गया घुसपैठिया किसी बड़े आतंकी समूह का हिस्सा था या वह हथियारों की तस्करी (Narcotics/Arms Smuggling) के इरादे से आया था। गणतंत्र दिवस के मद्देनजर पूरे जम्मू संभाग में पहले से ही 'हाई अलर्ट' जारी है, जिसे इस घटना के बाद और कड़ा कर दिया गया है।
सीमा पर तनाव केवल सांबा तक सीमित नहीं रहा; कठुआ जिले में भी अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास एक संदिग्ध पाकिस्तानी ड्रोन देखा गया। जैसे ही सुरक्षाबलों को आकाश में उड़ता हुआ संदिग्ध पाकिस्तानी ड्रोन नजर आया, उन्होंने बिना देरी किए अपना 'एंटी-ड्रोन सिस्टम' सक्रिय कर दिया। रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि पाकिस्तान ड्रोन के जरिए हथियार या नशीले पदार्थ भेजने की फिराक में है। गौरतलब है कि इससे पहले 20 जनवरी को भी इसी क्षेत्र में ड्रोन देखे गए थे। वर्तमान में पुलिस और सेना के जवान सीमावर्ती गांवों में सघन तलाशी अभियान (Cordon and Search Operation) चला रहे हैं।