दिल्ली शराब घोटाला मामले में कोर्ट ने अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया और विजय नायर को सभी आरोपों से बरी कर दिया है। फैसले के बाद केजरीवाल की घर वापसी भावुक पलों से भरी रही और इसे पार्टी ने इसे सच्चाई की जीत बताया।
दिल्ली शराब नीति मामले में सभी आरोपों से बरी होने के बाद पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की घर वापसी भावनाओं से भरी रही। जैसे ही वे अपने आवास पहुंचे, उनकी पत्नी सुनीता केजरीवाल दौड़कर आईं और उन्हें गले लगाकर भावुक हो गई। उनकी बेटी ने भी पिता को कसकर गले लगाया। इस मौके पर आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता मनीष सिसोदिया भी उनके साथ मौजूद थे।
दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने चर्चित दिल्ली शराब घोटाले से जुड़े CBI मामले में आम आदमी पार्टी (AAP) के शीर्ष नेताओं अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया और विजय नायर को सभी आरोपों से बरी कर दिया। स्पेशल जज जितेंद्र सिंह ने अपने आदेश में कहा कि CBI आरोपों को साबित करने में पूरी तरह विफल रही। अदालत के अनुसार, मामले में न तो किसी आपराधिक साजिश के ठोस प्रमाण मिले और न ही किसी प्रकार का विश्वसनीय साक्ष्य प्रस्तुत किया गया।
कोर्ट ने अपने फैसले में कहा कि जांच एजेंसी विस्तृत आरोपपत्र में लगाए गए कई आरोपों को गवाहों या दस्तावेजी साक्ष्यों से साबित नहीं कर सकी। अदालत ने यह भी टिप्पणी की कि बिना पर्याप्त सबूत के आरोप लगाना न्याय के सिद्धांतों के विपरीत है। यह फैसला दिल्ली की राजनीति में बड़ा घटनाक्रम माना जा रहा है।
इस निर्णय के बाद आम आदमी पार्टी को बड़ी राजनीतिक राहत मिली है। पार्टी समर्थकों ने इसे सच्चाई की जीत बताया है। वहीं, कानूनी विशेषज्ञों का मानना है कि यह फैसला जांच एजेंसियों के लिए भी एक महत्वपूर्ण संदेश है कि किसी भी मामले में ठोस और प्रमाणिक साक्ष्य आवश्यक हैं।