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‘ई-लाइब्रेरी के लिए 5000 दो’: मदुरै बेंच ने हत्या के प्रयास के आरोपी को गवाह रिकॉल की शर्त पर राहत दी

Madras High Court Madurai Bench Order: मद्रास हाई कोर्ट की मदुरै बेंच ने एक हत्या के प्रयास के मामले में छह आरोपियों को राहत देते हुए अनोखा आदेश जारी किया है। कोर्ट ने आरोपियों को मदुरै बेंच हाई कोर्ट एडवोकेट्स एसोसिएशन (MBHAA) के लिए ई-लाइब्रेरी स्थापित करने हेतु प्रत्येक 5,000 रुपये का डोनेशन देने की […]

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Feb 16, 2026
Madras High Court

Madras High Court Madurai Bench Order: मद्रास हाई कोर्ट की मदुरै बेंच ने एक हत्या के प्रयास के मामले में छह आरोपियों को राहत देते हुए अनोखा आदेश जारी किया है। कोर्ट ने आरोपियों को मदुरै बेंच हाई कोर्ट एडवोकेट्स एसोसिएशन (MBHAA) के लिए ई-लाइब्रेरी स्थापित करने हेतु प्रत्येक 5,000 रुपये का डोनेशन देने की शर्त पर तीन अभियोजन गवाहों को रिकॉल कर क्रॉस-एग्जामिनेशन करने की सीमित अनुमति दी है। यह फैसला निष्पक्ष सुनवाई के संवैधानिक अधिकार को बनाए रखते हुए ट्रायल में अनावश्यक देरी रोकने का संतुलन दर्शाता है।

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जानें क्या था मामला

केस 2022 का है, जिसमें छह आरोपियों पर भारतीय दंड संहिता की धारा 307 (हत्या का प्रयास) के तहत मुकदमा चल रहा है। यह धारा जानबूझकर मौत का कारण बनने वाले कार्यों के लिए 10 साल तक की सजा और जुर्माने का प्रावधान करती है। आरोपियों ने ट्रायल कोर्ट के 21 जनवरी के आदेश का पालन करने के लिए समय विस्तार मांगा था, जिसमें तीन अभियोजन गवाहों को रिकॉल कर क्रॉस-एग्जामिनेशन की अनुमति दी गई थी। लेकिन समय सीमा पर पालन न होने से ट्रायल कोर्ट ने याचिका लौटा दी।

हाई कोर्ट में दायर की थी याचिका

आरोपियों की ओर से एडवोकेट एम कन्नन ने हाई कोर्ट में याचिका दायर की। उन्होंने तर्क दिया कि क्रॉस-एग्जामिनेशन न होने से निष्पक्ष सुनवाई प्रभावित होगी और वे आगे कोई देरी नहीं करेंगे। राज्य की ओर से एडिशनल पब्लिक प्रॉसीक्यूटर एस रवि ने विरोध किया, इसे अंतिम समय की याचिका बताते हुए खारिज करने की मांग की।

ई-लाइब्रेरी फंड में 5,000 जमा करने का आदेश

जस्टिस एल विक्टोरिया गौरी की एकल पीठ ने 13 फरवरी को सुनवाई के बाद फैसला सुनाया। कोर्ट ने आरोपियों को संवैधानिक निष्पक्ष सुनवाई के अधिकार को ध्यान में रखते हुए सीमित अवसर दिया। प्रत्येक आरोपी को MBHAA के ई-लाइब्रेरी फंड में 5,000 रुपये जमा करने होंगे (कुल 30,000 रुपये), जो इंडियन बैंक के मदुरै बेंच ब्रांच में जमा होगा।

पुलिस को गवाहों को पेश करने का निर्देश

आदेश के अनुसार, आरोपियों को 13 फरवरी शाम 4:45 बजे तक अनुपालन मेमो फाइल करना होगा। मेमो मिलने पर ट्रायल कोर्ट 16 फरवरी को तीन गवाहों को रिकॉल करने की अनुमति देगा। क्रॉस-एग्जामिनेशन उसी दिन पूरा होना अनिवार्य है – कोई अतिरिक्त समय नहीं मिलेगा। पुलिस को गवाहों को 16 फरवरी को पेश करने का निर्देश दिया गया है।

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Published on:
16 Feb 2026 07:44 pm
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