
MEA on Pakistan: भारत ने एक बार फिर पाकिस्तान पर आतंकवाद को बढ़ावा देने का आरोप लगाया है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि पाकिस्तान के प्रधानमंत्री के विशेष सहायक ने खुद स्वीकार किया है कि जिन मुजाहिदीनों को पाकिस्तान ने भारत के खिलाफ हथियार, प्रशिक्षण और आर्थिक मदद दी थी वही अब अपने ही देश के खिलाफ हथियार उठा चुके हैं। उन्होंने कहा कि यह बयान पाकिस्तान की व्यवस्था पर बड़ा सवाल खड़ा करता है। साथ ही पाकिस्तान में हिंसा और कथित गैरकानूनी हत्याओं की निष्पक्ष जांच की भी मांग उठी है।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि पाकिस्तान के प्रधानमंत्री के राजनीतिक मामलों के सलाहकार राणा सनाउल्लाह ने सार्वजनिक रूप से स्वीकार किया है कि पाकिस्तान की तरफ से जिन मुजाहिदीनों को भारत के खिलाफ तैयार किया गया था अब वही पाकिस्तान के खिलाफ हथियार उठा चुके हैं। उनके अनुसार, यह दिखाता है कि पाकिस्तान की नीति अब उसी पर भारी पड़ रही है।
रणधीर जायसवाल ने कहा कि पाकिस्तान के कब्जे वाले जम्मू-कश्मीर (PoJK) में शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे लोगों के खिलाफ पाकिस्तान की सरकार लगातार बल प्रयोग कर रही है। उन्होंने कहा कि इस कार्रवाई में 40 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है जबकि कई अन्य गंभीर रूप से घायल हुए हैं।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा कि पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ने प्रदर्शन कर रहे नागरिकों को दुश्मन बताया था। उनके मुताबिक, इससे साफ होता है कि पाकिस्तान की सरकार अपने ही लोगों के साथ कैसा व्यवहार कर रही है।
रणधीर जायसवाल ने कहा कि जम्मू-कश्मीर और लद्दाख के केंद्र शासित प्रदेश भारत का अभिन्न और अविभाज्य हिस्सा हैं। उन्होंने कहा कि ये क्षेत्र पहले भी भारत का हिस्सा थे, आज भी हैं और आगे भी भारत का हिस्सा बने रहेंगे।
विदेश मंत्रालय ने सभी साझेदार देशों और अंतरराष्ट्रीय पक्षों से अपील की कि वे इस क्षेत्र का जिक्र करते समय सही नाम का इस्तेमाल करें। भारत ने दोहराया कि पाकिस्तान के कब्जे वाला जम्मू-कश्मीर भी भारत का हिस्सा है और इस पर भारत का रुख पूरी तरह स्पष्ट और अपरिवर्तित है।