IMD Rain Alert: मौसम विभाग ने बिहार, झारखंड, ओडिशा, जम्मू कश्मीर और हिमाचल में आंधी बारिश की संभावना जताई है, जबकि राजस्थान, महाराष्ट्र, गुजरात के लिए हीटवेव का अलर्ट जारी किया है।
IMD Rain Alert: भारतीय मौसम विभाग ने गंगा के मैदानी इलाकों में आंधी और बारिश की संभावना जताई है। IMD ने कहा कि बिहार, पश्चिम बंगाल, झारखंड और ओडिशा में आंधी और बारिश हो सकती है। इसके साथ ही, हिमालयी राज्य J&K-लद्दाख-गिलगित-बाल्टिस्तान-मुजफ्फराबाद, हिमाचल और उत्तराखंड में बर्फबारी की संभावना है।
मौसम विभाग ने कहा कि जम्मू-कश्मीर में अधिकतम तापमान सीजन के एवरेज से ज्यादा रहा है। विभाग ने कहा कि हिमाचल के अधिकांश इलाकों में आज मौसम साफ रहेगा, लेकिन दो दिन बाद पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने के लिए अगले दो दिन बारिश की संभावना है। वहीं, ऊंचाई वाले इलाकों में भारी बर्फबारी हो सकती है।
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, 10 मार्च को नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में हल्की बारिश और वज्रपात का अनुमान है। 11 मार्च को केरल और आंध्र प्रदेश के तटीय इलाकों में हल्की बारिश और आंधी चल सकती है।
राजस्थान में बीते दिनों तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के पार रहा। झुंझुनू का पिलानी राज्य में सबसे अधिक गर्म रहा। यहां अधिकतम तापमान 40.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। बाड़मेर में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मध्य प्रदेश में भी तापमान 39 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं, देश की राजधानी में तापमान 35.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। गुजरात में भी हीटवेव को लेकर अलर्ट जारी किया गया है। महाराष्ट्र के कोंकण इलाके में हीटवेव को लेकर अलर्ट जारी किया गया है।
मौसम विभाग को मार्च में गर्मी व हीटवेव को लेकर अलर्ट जारी करना पड़ रहा है। इसे लेकर मौसम विभाग ने कहा कि इन दिनों राजस्थान के रेगिस्तानी इलाकों से गर्म हवाएं आ रही हैं। जिसका असर मैदानी राज्यों में देखने को मिल रहा है। हवा की दिशा उत्तर-पूर्व से अब पश्चिम और उत्तर-पश्चिम हो गई है। वहीं, हवा में नमी बहुत कम है। इससे आने वाले दिनों में तापमान और बढ़ेगा। इससे धूप का तीखापन भी बढ़ सकता है।
मौसम विभाग के मुताबिक, हीटवेव तब मानी जाती है, जब मैदानों में तापमान 40 डिग्री या उससे ज्यादा पहुंच जाए। अगर सामान्य तापमान से 4 से 6 डिग्री ज्यादा दर्ज किया जाए। ऐसी स्थिति में लोगों की सेहत पर भी असर पड़ सकता है और लू लगने का खतरा बढ़ जाता है।