
Bhagwant Mann jokes: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने पंजाब की आम आदमी पार्टी- AAP सरकार पर निशाना साधते हुए कहा है कि पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने अपने कार्यकाल का समय सिर्फ चुटकुले सुनाने और मजाक करने में बिता दिया है। सीएम नायब सैनी ने कहा कि चुटकुलों से सिनेमा हॉल तो चल सकते हैं, लेकिन सरकार नहीं चलाई जा सकती। उन्होंने पंजाब सरकार पर आरोप लगाया कि चुनाव के दौरान महिलाओं, युवाओं और किसानों से किए गए वादे पूरे नहीं किए गए।
हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने शनिवार को मानसा जिले में नशा-विरोधी कार्यकर्ता परविंदर सिंह झोटा की हत्या को लेकर पंजाब सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने सरकार पर नशा खत्म करने के अपने वादे को पूरा करने में विफल रहने का आरोप लगाया।
एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए, मुख्यमंत्री सैनी ने इस मौत को राजनीतिक लड़ाई का मुद्दा न बनाने की सलाह दी और कहा कि पंजाब सरकार इस मामले में कार्रवाई करने में नाकाम रही है।
13 अक्टूबर को पंजाब के मानसा में एक मेडिकल स्टोर पर नशीले पदार्थों की कथित बिक्री को लेकर हुए विवाद के दौरान झोटा की दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस हत्या के बाद विरोध-प्रदर्शन शुरू हो गए और पंजाब में नशे की समस्या तथा कानून-व्यवस्था की स्थिति को लेकर चिंताएं फिर से बढ़ गई हैं। विपक्षी नेताओं ने भी इस घटना की आलोचना की है और राज्य सरकार द्वारा अपराधों को संभालने के तरीके तथा नशीले पदार्थों की कथित अवैध बिक्री पर सवाल उठाए हैं।
सैनी ने पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान पर भी तंज कसा, जो आज अपना 53वां जन्मदिन मना रहे हैं। "मैं उन्हें हार्दिक बधाई देता हूं। मैं उनके अच्छे स्वास्थ्य की कामना करता हूं, और उम्मीद करता हूँ कि वे आगे भी लोगों का मनोरंजन करते रहेंगे," सैनी ने कहा। साथ ही, उन्होंने पंजाब सरकार पर आरोप लगाया कि उसने "अपना पूरा पांच साल का कार्यकाल सिर्फ चुटकुले सुनाने में बिता दिया।"
उनके पास अब देने के लिए कुछ नहीं बचा है। काम पूरा करने के लिए एक निश्चित समय होता है, और वे उस दौरान कुछ भी करने में विफल रहे, जबकि उनसे ऐसा करने के लिए कहा भी गया था। उन्होंने इस वादे पर वोट मांगे थे कि वे तीन से छह महीने के भीतर नशीले पदार्थों की समस्या को खत्म कर देंगे। अब, जब केवल तीन महीने बचे हैं, तो नशीले पदार्थों के तस्कर इतने बेखौफ हो गए हैं कि वे बिना किसी झिझक या डर के अपना काम कर रहे हैं।