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1 जुलाई से लागू हो रही नई अबकारी नीति, पंजाब में 40% सस्ती होगी शराब

Punjab: पंजाब सरकार ने राज्य में 1 जुलाई से नई अबकारी नीति लागू होने की मंजूरी दे दी है। यह नीति राज्य में 1 जुलाई 2022 से 31 मार्च 2023 तक तक लागू रहेगी। इस बार सरकार ने शराब कारोबार के जरिए 9,647 करोड़ रुपए एकत्रित करने का लक्ष्य रखा है। इसके बाद अब में शराब की कीमतों में 30% से 40% की गिरावट आ सकती है।  
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Updated: 9 Jun 2022, 9:49 AM IST
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Punjab: अगर आप शराब के शौकीन हैं तो आपके लिए यह अच्छी खबर है। पंजाब में शराब की कीमतों में कम से कम 30% से 40% की गिरावट आने की उम्मीद है, जिसके बाद केंद्र शासित प्रदेश चंडीगढ़ और हरियाणा के बराबर शराब की कीमत आ जाएगी। बुधवार को आम आदमी पार्टी के नेतृत्व वाली सरकार के राज्य मंत्रिमंडल ने अपनी पहली आबकारी नीति को मंजूरी दे दी। इसके साथ ही मुख्यमंत्री भगवंत मान ने शराब कारोबार से इस साल 9,647 करोड़ रुपए एकत्रित करने का लक्ष्य रखा गया है, जो पिछले साल के राजस्व से 40% अधिक है।

मुख्यमंत्री कार्यालय के प्रवक्ता ने कहा कि नई अबकारी नीति लागू होने से राज्य के राजस्व में बढ़ोतरी आएगी। इसके साथ ही पड़ोसी राज्यों से शराब की तस्करी में कमी आएगी। वहीं नई अबकारी नीति को लेकर भाजपा नेता मनजिंदर सिंह सिरसा ने आम आदमी पार्टी पर कुछ लोगों को लाभ पहुंचाने के लिए दिल्ली आबकारी मॉडल की नकल करने का आरोप लगाया है।


एक्साइज ड्यूटी में कमी

पंजाब सरकार ने अंग्रेजी शराब पर लगने वाली एक्साइज ड्यूटी को 350% से कम करके 150% कर दिया गया है। वहीं देसी शराब पर इसे 250 से कम करके 1% कर दिया है। इसके बाद अब पंजाब में शराब की कीमत पड़ोसी राज्यों के बराबर हो जाएगी।


माफियाओं के गठजोड़ को तोड़ना

मुख्यमंत्री कार्यालय के प्रवक्ता ने कहा कि नई आबकारी नीति का उद्देश्य शराब कारोबार में शामिल माफियाओं के गठजोड़ को तोड़ना है। वहीं चंडीगढ़ और हरियाणा की तुलना में यहां शराब की कीमत लगभग 30% से 40% अधिक है, नई शराब नीति के बाद यहां भी लगभग सभी राज्यों के बराबर शराब की कीमतें हो जाएंगी।


स्वतंत्र, निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से हुई ई-निविदा

नई आबकारी पुलिस के अनुसार खुदरा लाइसेंसधारियों द्वारा आईएमएफएल और बीयर उठाने के लिए कोई कोटा तय नहीं किया गया है। आबकारी विभाग के अधिकारी ने कहा कि हालांकि, पंजाब मीडियम लिकर का कोटा पिछले साल जैसा था, वैसा ही रहेगा। नई आबकारी नीति ई-निविदा के एक स्वतंत्र, निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से 177 समूहों को आवंटित करके शराब व्यापार की वास्तविक क्षमता का दोहन करने के लिए निर्धारित किया गया है।

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