Nuh Violence: हरियाणा के नूंह जिले में ईद की नमाज के बाद दो गांवों में हिंसक झड़प हो गई। पंचायत चुनाव और पुरानी रंजिश को लेकर हुए इस संघर्ष में लाठी-डंडों, पथराव और कुल्हाड़ियों का इस्तेमाल हुआ, जिसमें 12 लोग घायल हो गए। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर हालात काबू में किए, जबकि एक घायल की हालत गंभीर बताई जा रही है।
Nuh Violence Eid Clashes: हरियाणा के नूंह जिले में ईद की नमाज के बाद दो अलग-अलग गांवों में हिंसक झड़प की घटनाओं ने इलाके में तनाव का माहौल पैदा कर दिया। प्रतिद्वंद्वी गुटों के बीच हुए इन संघर्षों में कम से कम 12 लोग घायल हो गए। विवाद इतना बढ़ गया कि दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर पथराव किया और लाठी-डंडों के साथ कुल्हाड़ियों का इस्तेमाल किया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर हालात को नियंत्रित किया, जबकि घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
पहली घटना नूंह जिले के निजामपुर गांव में हुई। पुलिस के अनुसार यहां पंचायत चुनाव को लेकर चली आ रही पुरानी रंजिश ने ईद के दिन हिंसक रूप ले लिया। बताया गया कि सुबह नमाज के बाद जमील और रमजी गुट के बीच कहासुनी शुरू हुई थी। देखते ही देखते दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए और विवाद ने हिंसक झड़प का रूप ले लिया।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक दोनों गुटों ने एक-दूसरे पर जमकर पत्थर फेंके। इसके अलावा लाठी-डंडों और कुल्हाड़ियों से भी हमला किया गया। अचानक हुई इस हिंसा से गांव में अफरा-तफरी मच गई और लोग अपने घरों में छिपने को मजबूर हो गए। इस झड़प में छह लोग घायल हो गए।
सूचना मिलने के बाद अकेड़ा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों को शांत कराया। पुलिस ने गांव में अतिरिक्त निगरानी बढ़ा दी है ताकि दोबारा कोई तनावपूर्ण स्थिति पैदा न हो।
नूंह जिले में दूसरी घटना सिंगार गांव में सामने आई। यहां भी दो गुटों के बीच पुरानी दुश्मनी को लेकर विवाद हुआ। शुरुआत मामूली कहासुनी से हुई, लेकिन कुछ ही देर में मामला हिंसक मारपीट तक पहुंच गया।
पुलिस के अनुसार दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर हमला कर दिया, जिसमें करीब आधा दर्जन लोग घायल हो गए। गांव में तनाव फैलने की सूचना मिलने पर बिछौर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को कंट्रोल किया।
घायलों को तुरंत पुन्हाना सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां उनका इलाज जारी है। डॉक्टरों के मुताबिक एक घायल की हालत गंभीर बनी हुई है। उसके सिर में गंभीर चोट लगने के कारण उसे नल्हड़ स्थित शहीद राजा हसन खान मेवाती मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया है।
अकेड़ा थाना प्रभारी इंस्पेक्टर वीरेंद्र कुमार ने बताया कि फिलहाल किसी भी पक्ष की ओर से औपचारिक शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है। हालांकि पुलिस पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए है और शिकायत मिलने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
वहीं बिछौर थाना प्रभारी इंस्पेक्टर सुखबीर ने कहा कि पुलिस मामले की जांच कर रही है और इलाके में शांति बनाए रखने के लिए लगातार गश्त की जा रही है।
ईद जैसे धार्मिक और खुशी के मौके पर हुई इन हिंसक घटनाओं ने स्थानीय प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है। नूंह जिला पहले भी सांप्रदायिक और सामाजिक तनाव की घटनाओं को लेकर चर्चा में रहा है। ऐसे में प्रशासन किसी भी नई स्थिति को लेकर सतर्क नजर आ रहा है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है, लेकिन गांवों में तनाव को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। साथ ही लोगों से शांति बनाए रखने और अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की गई है।