
Jammu Kashmir assembly elections: चुनाव आयोग ने जम्मू कश्मीर में विधानसभा चुनाव कराने की तैयारी शुरू कर दी है। चुनाव आयोग ने जम्मू-कश्मीर में परिसीमन की प्रक्रिया के बाद मतदाता सूची ( वोटर लिस्ट) का रिवीजन शुरू कर दिया है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार चुनाव आयोग ने नए मतदाताओं का नाम वोटर लिस्ट में जोड़ने के लिए निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही परिसीमन के बाद कई जगहों पर मतदान के लिए केंद्रों की आवश्यकता है, जिसके लिए मतदान केंद्रों का चयन किया जाएगा। परिसीमन के बाद कई ऐसे मतदान केंद्र हैं तो एक से अधिक विधानसभाओं में आते हैं, जिनको किसी दूसरे स्थान पर स्थानांतरित किया जा सकता है।
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार मुख्य चुनाव आयुक्त राजीव कुमार और चुनाव आयुक्त अनूप चंद्र पांडे ने जम्मू कश्मीर में विधानसभा चुनाव के लिए मतदाता सूची की समीक्षा की है। इसके साथ ही जम्मू कश्मीर के मुख्य चुनाव अधिकारी को परिसीमन के बाद नई विधानसभा क्षेत्रों की सीमाओं का नक्शा तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं।
90 विधानसभाएं
2019 में जम्मू-कश्मीर के पुनर्गठन अधिनियम के तहत स्थापित परिसीमन आयोग के आदेशों के अनुसार केंद्र शासित जम्मू कश्मीर और लद्दाख में 90 विधानसभाएं होंगी, जिसमें जम्मू संभाग में 37 और कश्मीर में 46 विधानसभाएं होंगी। इन विधानसभाओं में से 9 अनुसूचित जनजातियों के लिए आरक्षित होंगी। इसके साथ ही तत्कालीन राज्य के पुनर्गठन में लद्दाख को एक विधायिका के बिना एक अलग केंद्र शासित प्रदेश घोषित किया गया है, जिसमें 4 विधानसभा सीट होगीं।
20 मई से जम्मू कश्मीर में लागू हुए परिसीमन आयोग के आदेश
केंद्र सरकार ने पिछले महीने एक अधिसूचना जारी करते हुए कहा था कि परिसीमन आयोग के आदेश 20 मई से जम्मू कश्मीर में लागू होंगे, जिसके बाद विधानसभा क्षेत्रों की सीमाओं का पुनर्निधारण किया गया है।
राजनाथ सिंह आज से दो दिवसीय जम्मू कश्मीर दौरे पर
केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह आज से दो दिवसीय जम्मू कश्मीर दौरे पर हैं, जहां वह सैनिकों के साथ बातचीत करेंगे। वहीं वह शुक्रवार को वह जम्मू में महाराजा गुलाब सिंह की 200वीं जयंती के 'राज्याभिषेक' में शामिल होंगे।