पत्रिका के जन प्रहरी अभियान से जुड़कर आप जज्बा लेकर सकारात्मक बदलाव का हिस्सा बन सकते हैं।
पत्रिका के जनप्रहरी अभियान से जुड़े जनप्रतिनिधियों में उनके क्षेत्र के मतदाताओं ने भी भरोसा जताया। राजस्थान और मध्यप्रदेश में 2018 के विधानसभा चुनाव में 139 जनप्रहरी विधायक बनने के लिए चुनाव मैदान में उतरे थे। इनमें 32 जनप्रहरी विधायक निर्वाचित होकर विधानसभा में पहुंचे। वहीं, राजस्थान के 2019 में हुए निकाय चुनाव में 167 जनप्रहरी सरपंच, जिला प्रमुख, प्रधान और जिला परिषद सदस्य बने।
जनप्रहरी बनने के लिए समाज में सकारात्मक बदलाव लाने की इच्छा शक्ति होना सबसे जरूरी है। समाज को बीज बनकर कुछ देने की चाह रखने वाले युवा इस महाअभियान में शामिल हो सकते हैं।
जनप्रहरी बनने के लिए राजस्थान का मतदाता होना अनिवार्य है। आवेदन तिथि तक आवेदक की न्यूनतम आयु 21 वर्ष होनी चाहिए। पंचायत या नगर निकाय (नगर परिषद/नगर निगम) स्तर पर चुनाव लडऩा चाहते हों। सक्रिय राजनीतिक या सामाजिक नेतृत्व से जुड़े हों, जैसे छात्र नेता, राजनीतिक दल के कार्यकर्ता, ट्रेड यूनियन सदस्य आदि हों। समुदाय और समाज कल्याण के कार्यों में सक्रिय रूप से जुड़े हुए हों। सभी समुदाय एवं वर्ग केपुरुष, महिला एवं अन्य जनप्रहरी के लिए आवेदन कर सकते हैं।
यूआर कोड स्कैन करके पंजीकरण करें: जनप्रहरी आवेदन के लिए यूआर कोड स्कैन करें, फॉर्म में अपनी व्यक्तिगत एवं संपर्क जानकारी भरकर पंजीकरण करें।
ऐसे भरें आवेदन पत्र: ऐप में हाइलाइट आवेदन फॉर्म को वस्तुनिष्ठ और निबंधात्मक सभी प्रश्नों के जवाब के साथ अनिवार्य रूप से भरना है।
स्क्रीनिंग प्रक्रिया: प्राप्त आवेदनों की विशेषज्ञों के पैनल के जरिए समीक्षा की जाएगी। मापदंडों के आधार पर जनप्रहरियों का चयन होगा। स्क्रीनिंग के दौरान आवेदनों की प्रामाणिकता सुनिश्चित करने के लिए आवेदक से संपर्क किया जा सकता है।
जनप्रहरियों की घोषणा: चयनित जनप्रहरियों की अंतिम सूची की घोषणा, पत्रिका एवं पत्रिका के मल्टीमीडिया प्लेटफॉर्म एवं अन्य आधिकारिक माध्यमों से की जाएगी।