
वेतन समय से न मिलने के कारण पंजाब में पनबस और पीआरटीसी कान्ट्रैक्ट कर्मचारियों में गुस्सा है। आज इसी के विरोध में इन कर्मचारियों ने दो घंटे तक के लिए पंजाब के बस स्टैंड को बंद रखा। इस दौरान कर्मचारियों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी भी की। इन कर्मचारियों ने कहा कि यदि उनकी मांगे पूरी नहीं होती तो वो 23 जून से बसों के संचालन को भी रोक देंगे।
क्या है मामला?
दरअसल, पिछले कई माह का वेतन नहीं मिलने के कारण पनबस पीआरटीसी कॉन्ट्रैक्ट वर्कर्स यूनियन के कर्मचारियों में नाराजगी है। इनकी मांग है कि उन्हें सही समय पर वेतन का भुगतान किया जाए और उनकी मांगों को पूरा किया जाए। पिछले हफ्ते ही कर्मचारियों ने बस स्टैंडस को 21 जून को दो घंटे तक बंद रखने की धमकी दी थी। आज कर्मचारियों ने राज्यभर में बस स्टैन्ड को बंद भी कर दिया। लुधियाना बस स्टैंड 2, अमृतसर बस स्टैंड 2 घंटे तक के लिए बंद रहा। इससे यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा है।
भुखमरी के कगार पर कर्मचारी
यूनियन अध्यक्ष रमिंदर सिंह ने आप के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार की आलोचना करते हुए कहा कि 'पिछले दो महीनों से वेतन नहीं मिला है और अब उनके परिवार भुखमरी के कगार पर हैं।' उन्होंने कहा कि 'अगर सरकार उनकी चिंताओं को दूर करने में विफल रहती है, तो वे 23 जून से 'चक्का जाम' का सहारा लेंगे।'
कर्मचारियों ने कहा, 'बस चालक और कंडक्टर भारी मानसिक तनाव में वाहन चलाने के लिए मजबूर हैं। पंजाब परिवहन मंत्री के साथ बार-बार इस मुद्दे को उठाने के बावजूद उनके वेतन का भुगतान नहीं हो सका है और अब इसके विरोध में पंजाब में सभी बस स्टैंड बंद करने का निर्णय लिया गया। अब सभी कर्मचारी हड़ताल पर हैं और ये उनका वेतन भुगतान होने तक धरना जारी रहेगा'