
Rahul Gandhi on Magician Remark: संसद के विशेष सत्र का आज शुक्रवार को दूसरा दिन है। लोकसभा में परिसीमन और महिला आरक्षण पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच बहस जारी है। इस दौरान लोकसभा में उस समय हंगामा मच गया, जब नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने इशारों-इशारों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को निशाने पर लेते हुए ‘जादूगर’ शब्द का उल्लेख किया।
दरअसल, महिला आरक्षण बिल पर चर्चा के दौरान राहुल गांधी ने कहा कि यह महिला आरक्षण बिल महिलाओं को कमजोर बनाएगा। यह एक शर्मनाक कानून है। पुराना कानून लाया जाए, हम उसका समर्थन करेंगे। यह बिल भारत के निर्वाचन क्षेत्रों के नक्शे को बदलने के लिए लाया गया है। उन्होंने प्रधानमंत्री का नाम लिए बिना कहा, 'बालाकोट, नोटबंदी और ऑपरेशन सिंदूर का जादूगर पकड़ा गया। इसके बाद एनडीए सांसदों ने इसका विरोध किया।
सदन में शोर-शराबा बढ़ने पर लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने हस्तक्षेप करते हुए उन्हें टोका और कहा कि मर्यादा का ध्यान रखा जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि आप नेता प्रतिपक्ष हैं और सदन की गरिमा बनाए रखना आपकी जिम्मेदारी है।
लोकसभा स्पीकर ने कहा, 'यह सदन है, कोई चौराहा नहीं। जो बातें बाहर कही जाती हैं, वे यहां नहीं कही जा सकतीं। सदन की मर्यादा और गरिमा होती है।' उन्होंने राहुल गांधी से आग्रह किया कि वे विधेयक के मुद्दे पर ही केंद्रित रहें।
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के बयान पर रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने कड़ी आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के लिए इस तरह की भाषा असंसदीय और बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। जिस व्यक्ति को देश की जनता ने प्रधानमंत्री बनाया है, उनके लिए ऐसे शब्दों का प्रयोग करना न केवल उनका, बल्कि पूरे देश का अपमान है। उन्होंने मांग की कि राहुल गांधी के कहे गए शब्दों को सदन की कार्यवाही से हटाया जाए और उन्हें देश की जनता से माफी मांगनी चाहिए।
संसदीय कार्यमंत्री किरण रिजिजू ने राहुल गांधी की आलोचना करते हुए कहा कि हमें उनके भाषण से आपत्ति नहीं है। वे कहते हैं कि 'ऑपरेशन सिंदूर' एक जादू था, वे उसका मजाक बना रहे हैं। उसे जादू कह रहे हैं। रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने भी कहा कि हम भी यही कह रहे हैं कि भाषण नियमों के तहत दिया जाए। बार-बार प्रधानमंत्री का मजाक उड़ाना गलत है। प्रधानमंत्री केवल आपके या मेरे नहीं, पूरे देश के हैं।
इसके बाद स्पीकर ने आपत्तिजनक शब्दों को कार्यवाही से हटा दिया। इसके बाद राहुल गांधी ने फिर बोलना शुरू किया और कहा, 'दरअसल, भाजपा के अंदर भ्रम की स्थिति है।' इस पर स्पीकर ने उन्हें बैठने के लिए कहा। इसके बाद सदन में फिर हंगामा शुरू हो गया।
राहुल गांधी की ‘जादूगर’ टिप्पणी पर डीएमके सांसद टीआर बालू ने कहा कि ‘जादूगर’ असंसदीय शब्द नहीं है। उन्होंने कहा कि सदन में यह बिल गिर जाएगा। कांग्रेस सांसद मणिकम टैगोर ने कहा कि यह हैरानी की बात है कि जब भी विपक्ष के नेता राहुल गांधी बोलते हैं, तो सरकार उन्हें टोकती है। अब उनके भाषणों को भी हटाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी ने एक जादूगर की कहानी सुनाई थी, लेकिन सरकार उसे प्रधानमंत्री से क्यों जोड़ रही है? वे हर बात को प्रधानमंत्री मोदी से क्यों जोड़ते हैं?