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राहुल गांधी का शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान पर हमला, बोले- छात्रों को आतंकवादी कहना शर्मनाक

NEET Paper Leak Case: राहुल गांधी ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान पर छात्रों को आतंकवादी बताने का आरोप लगाते हुए तीखा हमला किया और इसे सरकार के अहंकार का उदाहरण बताया।
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Updated: 25 Jun 2026, 2:52 PM IST
NEET UG Paper Leak Case
NEET UG पेपर लीक मामला

NEET UG Paper Leak Case: कांग्रेस सांसद राहुल गांधी (Rahul Gandhi) ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान (Dharmendra Pradhan) पर तीखा हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि केंद्र सरकार सत्ता के अहंकार में इतनी डूब चुकी है कि अपने अधिकारों, निष्पक्ष परीक्षाओं और बेहतर भविष्य की मांग करने वाले छात्रों को भी आतंकवादी कहने से नहीं हिचक रही है।

राहुल गांधी ने स्थिति को बताया चिंताजनक

राहुल गांधी ने कहा कि यह बेहद चिंताजनक स्थिति है। जिन सरकारी विफलताओं के कारण बार-बार पेपर लीक जैसी घटनाएं सामने आईं, लाखों छात्रों का भविष्य प्रभावित हुआ और कई युवाओं को मानसिक तनाव का सामना करना पड़ा, उसी व्यवस्था के खिलाफ आवाज उठाने वालों को अब निशाना बनाया जा रहा है।

सरकार सवाल पूछने वालों को बदनाम कर रही है

राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि सरकार आलोचना करने वालों को बदनाम करने की राजनीति कर रही है। उन्होंने कहा कि पहले आंदोलन कर रहे किसानों को पेशेवर आंदोलनकारी और परजीवी कहा गया, फिर सरकार से सवाल पूछने वालों को राष्ट्र-विरोधी बताया गया और अब अपने अधिकारों के लिए संघर्ष कर रहे छात्रों और युवाओं को आतंकवादी कहा जा रहा है।

उन्होंने कहा कि सरकार की राजनीति का आधार अब जवाब देने के बजाय सवाल पूछने वालों पर हमला करना बन गया है। जो भी व्यक्ति सरकार की नीतियों पर सवाल उठाता है, उसे विरोधी या देशद्रोही साबित करने की कोशिश की जाती है।

धर्मेंद्र प्रधान से माफी मांगने की मांग

कांग्रेस नेता ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से देश के करोड़ों छात्रों और युवाओं से सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की। साथ ही उन्होंने कहा कि शिक्षा व्यवस्था में लगातार सामने आ रही खामियों और परीक्षा प्रणाली की विफलताओं की नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए शिक्षा मंत्री को अपने पद से इस्तीफा देना चाहिए।

छात्रों और युवाओं की आवाज उठाता रहूंगा

राहुल गांधी ने कहा, मेरे खिलाफ जितने चाहे राजनीतिक हमले किए जाएं, लेकिन मैं छात्रों और युवाओं के मुद्दे उठाना बंद नहीं करूंगा। मैंने कोटा में भी कहा था और आज फिर दोहराता हूं कि देश की शिक्षा व्यवस्था धीरे-धीरे एक जबरन वसूली तंत्र में बदलती जा रही है। इसे ऐसे नहीं चलने दिया जा सकता। उन्होंने कहा कि हर बच्चे को सस्ती, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और निष्पक्ष परीक्षा प्रणाली उपलब्ध कराना सरकार की जिम्मेदारी है। इसी उद्देश्य के लिए वह लगातार छात्रों और युवाओं की आवाज उठाते रहेंगे।

शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग

राहुल गांधी ने जोर देते हुए कहा कि देश के भविष्य को सुरक्षित बनाने के लिए शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता, जवाबदेही और व्यापक सुधार जरूरी हैं। उन्होंने कहा कि छात्रों के हितों और शिक्षा सुधार के मुद्दे पर उनकी लड़ाई आगे भी जारी रहेगी।

Updated on:
25 Jun 2026, 2:52 PM IST
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