
Sachin Pilot: दिल्ली में कांग्रेस वर्किंग कमेटी (CWC) की बैठक के बाद पंजाब कांग्रेस के इंचार्ज सचिन पायलट ने केंद्र सरकार और पंजाब सरकार पर कानून-व्यवस्था और लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी (LPU) में हुई हिंसा को लेकर तीखा हमला किया। सचिन पायलट ने कहा कि पंजाब में लगातार ऐसा माहौल बनता जा रहा है जहां कोई भी कुछ भी करने के लिए आजाद है। उन्होंने कहा कि जब थानों में पुलिस खुद खौफ के साए में है और वर्दी पहनने से हिचकिचा रही है, तो ऐसी स्थिति में आम नागरिक और छात्राएं खुद को कैसे सुरक्षित महसूस कर सकती हैं।
पंजाब में कानून-व्यवस्था की स्थिति पर सचिन पायलट ने खास तौर पर लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी (LPU) की घटना का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि यूनिवर्सिटी में हुई घटना कोई अकेली घटना नहीं है, पूरे राज्य में ऐसा माहौल बन गया है जहां लोग बिना किसी डर के मनमानी करते हैं। पंजाब के भीतर गन कल्चर पनप चुका है। जहां दिनदहाड़े गैंगस्टर्स गोलियां चला रहे हैं, फिरौती मांगी जा रही है और हमारी बच्चियां तक सुरक्षित नहीं हैं।
सचिन पायलट ने आगे कहा, "आखिर यह यूनिवर्सिटी किसकी है? इसके मालिक को राज्यसभा में किसने भेजा? आज वे किस राजनीतिक दल में हैं? सत्ता में बैठे लोगों को अपनी जवाबदेही तय करनी होगी, क्योंकि चुनाव सिर पर हैं और सरकार जवाब देने को तैयार नहीं है।"
पंजाब में प्रशासनिक मशीनरी के चरमराने का आरोप लगाते हुए सचिन पायलट ने कहा कि राज्य में साढ़े चार साल से आम आदमी पार्टी की सरकार है, लेकिन वह हर मोर्चे पर पूरी तरह नाकाम साबित हुई है। हालात इतने बदतर हो चुके हैं कि लोग रोज आत्महत्याएं कर रहे हैं, मरने से पहले डाइंग डिक्लेरेशन दे रहे हैं, फिर भी पुलिस एफआईआर दर्ज नहीं कर रही है। पुलिसकर्मी खुद यह कह रहे हैं कि वर्दी पहनकर थाने मत आना, लोग वहां हमला कर देंगे। अगर गुंडों और गैंगस्टर्स से प्रशासन खुद डरा हुआ रहेगा, तो आम आदमी की सुरक्षा की गारंटी कौन देगा?
ड्रग्स की समस्या पर केंद्र सरकार को घेरते हुए पायलट ने कहा कि यह बड़ा अजीब संयोग है कि जो लोग पिछले 12 सालों से दिल्ली की केंद्र सरकार में बैठे हैं, जिनकी जिम्मेदारी सरहद पर ड्रग्स, नारकोटिक्स और अवैध हथियारों की तस्करी रोकने की थी, वही आज पंजाब जाकर नशामुक्ति का उपदेश दे रहे हैं।
उन्होंने सवाल किया कि केंद्र सरकार ने पाकिस्तान से लगने वाली पंजाब, राजस्थान और गुजरात की सीमाओं से तस्करी रोकने के लिए क्या कड़े कदम उठाए? रक्षा और गृह मंत्रालय की जिम्मेदारी संभालने वाले अपनी नाकामी छुपा नहीं सकते।
चुनावी अभियान की जानकारी देते हुए सचिन पायलट ने बताया कि उन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और राहुल गांधी जी से समय मांगा है। वे दोनों बहुत जल्द पंजाब के दौरे पर आएंगे। सब पूरे संकल्प के साथ मिलकर काम कर रहे हैं। पंजाब के लोग अभी भी कांग्रेस पार्टी से उम्मीदें लगाए हुए हैं क्योंकि जब भी कांग्रेस ने सरकार बनाई है, उसने नतीजे दिए हैं। जनता इस बार कांग्रेस को फिर से सत्ता में लाएगी।