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BRICS Summit: सलमान खुर्शीद ने की भारत की कूटनीति की तारीफ, कहा- पहलगाम हमले का जिक्र बड़ी उपलब्धि

BRICS Summit: BRICS समिट को लेकर कांग्रेस में मतभेद सामने आए हैं। पी. चिदंबरम ने ठोस लाभ पर सवाल उठाए, जबकि सलमान खुर्शीद ने भारत की कूटनीति और नई दिल्ली घोषणा-पत्र में पहलगाम, गाजा और आतंकवाद के मुद्दों पर बनी सहमति की सराहना की।
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Sep 13, 2026
Congress leader Salman Khurshid
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता सलमान खुर्शीद (Photo-ANI)

Salman Khurshid BRICS Summit: ब्रिक्स समिट को लेकर कांग्रेस में दो फाड़ होती नजर आ रही है। कई नेता इसको लेकर केंद्र सरकार की तारीफ कर रहे हैं। वहीं कुछ नेताओं ने मोदी सरकार को घेरा है। इसी बीच पार्टी के वरिष्ठ नेता सलमान खुर्शीद ने ब्रिक्स समिट के दौरान भारत सरकार की कूटनीति की सराहना की है। 

दरअसल, खुर्शीद का यह बयान ऐसे समय आया है, जब कुछ दिन पहले कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पी. चिदंबरम ने ब्रिक्स जैसे बहुपक्षीय मंचों में भारत की भागीदारी से मिलने वाले ठोस लाभों पर सवाल उठाए थे। कांग्रेस सांसद शशि थरूर भी चिदंबरम की टिप्पणी से अलग रुख अपना चुके हैं।

सलमान खुर्शीद ने रविवार को कहा कि दो दिवसीय ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में आम सहमति बनी और नई दिल्ली घोषणा-पत्र जारी किया गया। उनके मुताबिक, भारत ने सम्मेलन में अपनी चिंताओं और विदेश नीति की प्राथमिकताओं को मजबूती से रखा, जिनका प्रतिबिंब अंतिम घोषणा-पत्र में भी दिखाई देता है।

'ईरान-UAE और रूस-चीन का एक साथ सहमत होना महत्वपूर्ण'

कांग्रेस नेता ने कहा कि घोषणा-पत्र में कई ऐसे मुद्दे शामिल हैं, जिन पर आम सहमति बनाना आसान नहीं था। उन्होंने कहा कि हमें यह नहीं भूलना चाहिए कि घोषणा-पत्र पर ईरान और यूएई के साथ-साथ रूस और चीन ने भी हस्ताक्षर किए हैं। घोषणा-पत्र में फिलिस्तीन और गाजा का उल्लेख किया गया है और इन मुद्दों पर सहमति बनना स्वागत योग्य है।

पहलगाम आतंकी हमले के जिक्र की खुर्शीद ने की सराहना

सलमान खुर्शीद ने पहलगाम आतंकी हमले के उल्लेख को भी अहम बताया। उन्होंने कहा कि अगर कहीं आतंकवाद के खिलाफ आम सहमति बनती है और उसे स्पष्ट रूप से घोषणा-पत्र में दर्ज किया जाता है, तो भारत को इसका स्वागत करना चाहिए।

उन्होंने कहा कि आतंकवाद की वजह से भारत ने लंबे समय तक दर्द और पीड़ा झेली है। ऐसे में जरूरी है कि इस सहमति को आगे बढ़ाया जाए, ताकि देश को भविष्य में इस तरह के किसी और आतंकी हमले का सामना न करना पड़े।

खुर्शीद ने यह भी कहा कि ब्रिक्स में कई ऐसे देश शामिल हैं, जिनके पाकिस्तान के साथ करीबी संबंध हैं। इसके बावजूद पहलगाम हमले पर सहमति बनना महत्वपूर्ण है।

उन्होंने कहा, घोषणा-पत्र में पाकिस्तान का नाम नहीं लिया गया, लेकिन पहलगाम हमले के संदर्भ में बनी सहमति का भारत स्वागत करता है।

चिदंबरम ने BRICS के फायदे पर उठाए थे सवाल

बता दें कि कांग्रेस नेता पी. चिदंबरम ने ब्रिक्स, SCO, G20 और QUAD जैसे अंतर्राष्ट्रीय समूहों में भारत की भागीदारी को लेकर सवाल उठाए थे। उन्होंने कहा था कि भारत इन सभी मंचों का हिस्सा है, लेकिन पिछले दो-तीन शिखर सम्मेलनों में उन्हें ऐसा कोई ठोस फायदा नजर नहीं आया, जैसा पहले BRICS सम्मेलनों से मिला करता था।

Updated on:
13 Sept 2026 06:02 pm
Published on:
13 Sept 2026 06:02 pm