बिहार विधानसभा चुनाव में राजद को करारी हार का सामना करना पड़ा है। इसके बाद लालू परिवार की कलह सार्वजनिक रूप से सामने आई है। रोहिणी के बयान के बाद तेज प्रताप संजय यादव व अन्य लोगों पर आगबबूला हैं।
Lalu Faimly: बिहार विधानसभा चुनाव के परिणाम आने के बाद लालू-राबड़ी परिवार में कलह शुरू हो गई है। रोहिणी आचार्य ने परिवार और पार्टी से संबंध तोड़ने की बात कह दी। उन्होंने एयरपोर्ट पर कहा कि संजय और रमीज ने दबाव डाला। उनके खिलाफ बोलने पर घर में मुझ पर चप्पल उठाया गया। अब मेरा तेजस्वी और उन लोगों से कोई वास्ता नहीं है। रोहिणी की बात सुनकर तेज प्रताप यादव गुस्से से आगबबूला हो गए।
तेज प्रताप यादव ने इंस्टाग्राम पर पोस्ट करते हुए लिखा कि कल की घटना ने दिल को भीतर तक झकझोर दिया है। मेरे साथ जो हुआ, वह मैं सह गया, लेकिन मेरी बहन के साथ जो अपमान हुआ, वह किसी भी हाल में असहनीय है। सुन लो जयचंदो, परिवार पर वार करोगे तो बिहार की जनता तुम्हें कभी माफ नहीं करेगी। जबसे मेरी रोहिणी बहन के चप्पल उठाने की खबर सुनी, दिल की आहत अब अग्नि बन चुकी है। अब सुदर्शन चक्र चलेगा।
उन्होंने आगे कहा कि इन चेहरों ने तेजस्वी की बुद्धि पर पर्दा डाल दिया है। इस अन्याय का परिणाम बेहद भयावह होगा। समय का लेखा-जोखा बड़ा कठोर है। उन्होंने अपने पिता और राजद सुप्रीमो लालू यादव से अपील की कि पिता जी, एक संकेत दीजिए, आपका केवल एक इशारा और बिहार की जनता इन जयचंदों को जमीन में गाड़ देने का काम खुद कर देगी। यह लड़ाई किसी दल की नहीं परिवार के सम्मान, बेटी की गरिमा और बिहार के स्वाभिमान की लड़ाई है।
बिहार विधानसभा चुनाव में राजद को करारी हार का सामना करना पड़ा है। पार्टी 25 सीटों पर सिमट गई है। वहीं, महागठबंधन के खाते में 35 सीटें आई है। राजद ने 143 सीटों पर चुनाव लड़ा था। इसके बाद से ही पार्टी और परिवार में कलह होने की बात सामने आने लगी थी।
25 मई 2025 को लालू प्रसाद ने सोशल मीडिया पर ऐलान किया कि तेज प्रताप का व्यवहार परिवार की मर्यादा और पार्टी के मूल्यों के खिलाफ है। उन्होंने तेज प्रताप को 6 साल के लिए RJD से निष्कासित कर दिया और परिवार से भी पूरी तरह बेदखल कर दिया। लालू ने कहा कि निजी जीवन में नैतिकता की अनदेखी सामाजिक न्याय की लड़ाई को कमजोर करती है। बता दें कि तेज प्रताप यादव ने फेसबुक पर अनुष्का यादव के साथ अपनी 12 साल पुरानी रिलेशनशिप का खुलासा किया था।