
Trimbakeshwar Temple heavy rain: महाराष्ट्र के नासिक जिले में मौसम विभाग की चेतावनी का असर अब आस्था के सबसे बड़े केंद्रों में से एक, त्र्यंबकेश्वर धाम पर भी दिखाई दे रहा है। प्रसिद्ध बारह ज्योतिर्लिंगों में से एक, त्र्यंबकेश्वर धाम में मूसलाधार बारिश और संभावित 'क्लाउडबर्स्ट' (बादल फटने) के रेड अलर्ट को देखते हुए प्रशासन ने ऐहतियातन मंदिर के कपाट श्रद्धालुओं के लिए बंद कर दिए हैं। इस फैसले के बाद दूर-दराज से पहुंचे सैकड़ों श्रद्धालु त्र्यंबकेश्वर और उसके आसपास के इलाकों में फंस गए हैं, जिनमें सबसे बड़ी संख्या कर्नाटक से आए तीर्थयात्रियों की है। प्रशासन इस हालात पर नजर बनाए हुए है, साथ ही श्रद्धालुओं से मौसम सामान्य होने तक सुरक्षित रहने और प्रशासन की ओर से जारी एडवाइजरी की पालना की अपील की है।
महाराष्ट्र के मंत्री गिरीश महाजन ने बताया कि रात एक बजे से मंगलवार सुबह 10 बजे तक नासिक में बादल फटने का अनुमान जताया गया है। संभावित बादल फटने जैसी स्थिति से निपटने के लिए सभी जरूरी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। जिला कलक्टर, पुलिस अधीक्षक समेत सभी वरिष्ठ अधिकारी मौके पर मौजूद हैं। इस पूरे इलाके में पुलिस बल को तैनात किया गया है।हालात पर पूरी तरह प्रशासन की नजर है, ताकि किसी भी आपात स्थिति से निपटा जा सके।
त्र्यंबकेश्वर मंदिर में दर्शन के इच्छुक श्रद्धालुओं से अपील की गई है कि फिलहाल वे बेवजह यात्रा से बचें। प्रशासन ने स्कूल और कॉलेज बंद करने का फैसला किया है, साथ ही स्थानीय लोगों को जरूरी काम होने पर घर से निकलने की अपील की गई है।
नासिक के जिलाधिकार आयुष प्रसाद ने बताया है कि जिले के अलग-अलग इलाकों में भारी बारिश हो रही है। सभी संवेदनशील इलाकों में पुलिस और राहत बल की तैनाती की गई है। कई इलाकों से लोगों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया गया है।
मौसम विभाग की चेतावनियों पर नजर रखने, नदी-नालों से दूर रहने के निर्देश प्रशासन की ओर से लोगों को दिए गए हैं। अफवाहों से बचने और आधिकारिक सूचनाओं का पालन करने की अपील की गई है।