Bhuj Ahmedabad Vande Metro Train : भारतीय रेलवे ट्रैक से तीन हजार पैसेंजर ट्रेनों को हटाने की तैयारी कर रहा है। इनकी जगह पर ही वंदे मेट्रो ट्रेन को चलाया जाएगा। इनका प्रमुख रूप से इंटरसिटी के रूप में 350 किलोमीटर के रेडियस में इस्तेमाल किया जाएगा।
PM Modi Birthday Gift : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने जन्मदिन से पहले गुजरात को वंदे मेट्रो ट्रेन का तोहफा दिया है। प्रधानमंत्री 16 सितंबर को 16 कोच की वंदे मेट्रो को हरी झंडी दिखाकर इसे रवाना करेंगे। Vande Metro Train को अहमदाबाद से भुज के बीच चलाया जाएगा। ट्रेन का न्यूतनम किराया 30 रुपए है और 100 किलोमीटर का किराया 120 रुपए निर्धारित किया गया है। यह Bhuj-Ahmedabad Vande Metro ट्रेन का मूल किराया है। वंदे मेट्रो की औसत रफ्तार पैसेंजर और लोकल ट्रेनों से अधिक होगी। यह ट्रेन के दैनिक यात्रियों, विद्यार्थियों, व्यापरियों, नौकरीपेशा लोगों के सफर को तेज और आरामदायक बनाएगी।
वंदे मेट्रो ट्रेन की गति अधिकतम 130 किलोमीटर प्रतिघंटा है। इसे अधिकतम 110 किमी की गति से ही चलाया जाएगा। सेल्फ प्रोपेल्ड तकनीकी के कारण तेज गति से पिकअप ले सकेगी और तेजी से रूक सकेगी। आग से बचने के लिए सभी कोच में 14 सेंसर लगाए गए हैं। सबसे बड़ी बात कि हर कोच में दिव्यांगों के लिए व्हीलचेयर होगी। किसी भी आपातस्थिति में बातचीत के लिए टॉकबैक की सुविधा भी दी गई है।
Bhuj-Ahmedabad Vande Metro ट्रेन 9 स्टॉप रूकेगी। यह ट्रेन भुज से निकलेगी। अजंर, गांधीधाम, बाचू, समखाली, हलवाड़,धरंगधारा, वीरामगाम, चंदोलिया, साबरमती होते हुए अहमदाबाद पहुंचेगी। यह ट्रेन सुबह 5 बजकर 5 मिनट पर भुज से रवाना होगी और 10 बजकर 50 मिनट पर अहमदाबाद पहुंचेगी। यह ट्रेन सप्ताह में छह दिन चलेगी। रविवार को यह ट्रेन नहीं चलेगी।
भारतीय रेलवे ने किराया सूची जारी कर दी है। इसमें साफ लिखा है कि रेलवे इसके ट्रेन के लिए मंथली और पाक्षिक पास भी जारी करेगा। एक माह में प्रति दिवस 250 किलोमीटर की यात्रा करने वाले को 6000 रुपए में मंथली पास मिलेगा वहीं पाक्षिक यात्रा करने वाले को 4500 रुपए में यह पास दिया जाएगा। भारतीय रेलवे ने किराया सूची 250 किलोमीटर के हिसाब से तैयार की है। रेलवे ने बच्चों को छूट का भी आदेश इस नई ट्रेन में जारी किया है।
भारतीय रेलवे ट्रैक से तीन हजार पैसेंजर ट्रेनों को हटाने की तैयारी कर रहा है। इनकी जगह पर ही वंदे मेट्रो ट्रेन को चलाया जाएगा। इनका प्रमुख रूप से इंटरसिटी के रूप में 350 किलोमीटर के रेडियस में इस्तेमाल किया जाएगा। अत्याधुनिक सुविधओं से लैस इस ट्रेन के दरवाजे स्वयं ही बंद होंगे और खुलेंगे।