दिल्ली पुलिस ने पटियाला हाउस कोर्ट को बताया कि AI Impact Summit 2026 में यूथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं द्वारा किया गया 'अर्धनग्न' प्रदर्शन अचानक नहीं था, बल्कि यह नेपाल के Gen-Z विरोध प्रदर्शनों से प्रेरित एक सोची-समझी साजिश थी।
AI Summit 2026 Protest Youth Congress: दिल्ली पुलिस ने एआई शिखर सम्मेलन में बिना शर्ट पहने प्रदर्शन करने के आरोप में गिरफ्तार भारतीय युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं की रिमांड मांगते हुए शनिवार को कहा कि आरोपियों ने नेपाल में हुए प्रदर्शन के समान विरोध प्रदर्शन किया था। दिल्ली पुलिस ने शनिवार को कोर्ट में पांच दिन की रिमांड मांगते हुए कहा कि यह देश को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बदनाम करने की साजिश थी, जिसे अदालत ने मंजूर कर लिया।
भारत मंडपम में आयोजित एआई शिखर सम्मेलन में विरोध प्रदर्शन के सिलसिले में गिरफ्तार किए गए यूथ कांग्रेस के चार कार्यकर्ताओं को शनिवार सुबह पटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया गया। गिरफ्तार किए गए लोगों की पहचान कृष्णा हरि, कुंदन यादव, अजय कुमार और नरसिम्हा यादव के रूप में हुई है।
बता दें कि शुक्रवार को एआई इम्पैक्ट समिट के प्रदर्शनी हॉल में उस समय नाटकीय घटनाक्रम देखने को मिला जब कांग्रेस कार्यकर्ता केंद्र सरकार और भारत-अमेरिका व्यापार समझौते के खिलाफ नारे छपे हुए टी-शर्ट उतारकर विरोध प्रदर्शन करने लगे। इसके बाद सुरक्षाकर्मियों ने उनको हिरासत में ले लिया था।
आरोपियों के वकील ने बताया कि आरोपी एक राजनीतिक दल से जुड़े हुए हैं और उन्होंने विरोध करने के अपने अधिकार का प्रयोग करते हुए भारत मंडपम में प्रदर्शन किया। आरोपियों के वकील ने कहा कि विरोध प्रदर्शन शांतिपूर्ण था, किसी भी वीडियो में हिंसा नहीं दिखी। सभी आरोपित अपराधों के लिए 7 साल तक की सजा हो सकती है। आरोपियों के वकील ने कहा कि एफआईआर महज एक राजनीतिक चाल है। वकील ने यह भी कहा कि वे शिक्षित लोग हैं और उनके पास डिग्रियां हैं।
इस बीच लोक अभियोजक ने यह तर्क दिया कि आरोपियों ने राष्ट्रविरोधी नारे लगाए और कहा कि उन्होंने प्रधानमंत्री के खिलाफ संदेश वाले टी-शर्ट पहने हुए थे। आरोपियों की पांच दिन की हिरासत की मांग करते हुए दिल्ली पुलिस ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय नेताओं और प्रमुख हस्तियों की मौजूदगी में राष्ट्रविरोधी नारे लगाए गए।
पुलिस ने बताया कि फरार हुए अन्य आरोपियों को गिरफ्तार करने के लिए उनकी हिरासत जरूरी है। पुलिस ने बताया कि प्रदर्शन के दौरान तीन पुलिसकर्मी घायल हुए हैं। फरार आरोपियों के मोबाइल फोन बरामद करने होंगे कि क्या उन्हें कोई धनराशि मिली थी। चार अलग-अलग जगहों से चार लोग एक साथ आए और उन्होंने टी-शर्ट छपवाईं।