Delhi STF encounter: दिल्ली के बदरपुर में STF ने मुठभेड़ के बाद कुख्यात अपराधी मोहम्मद सलीम उर्फ ‘गंजा’ को गिरफ्तार कर लिया। पैर में गोली लगने के बाद उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है, इसे गैंगस्टर नेटवर्क पर बड़ी कार्रवाई माना जा रहा है।
Delhi News: देश की राजधानी में दिल्ली पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (STF) ने दक्षिण-पूर्वी जिले के बदरपुर इलाके में एक साहसिक मुठभेड़ के बाद बेहद कुख्यात अपराधी मोहम्मद सलीम उर्फ 'गंजा' को दबोच लिया है। दरअसल, बीते शुक्रवार देर रात हुई इस फायरिंग में सलीम के पैर में गोली लगी है, जिसके बाद उसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। सलीम की गिरफ्तारी को दिल्ली में सक्रिय गैंगस्टरों के नेटवर्क को तोड़ने की दिशा में एक बड़ी सफलता माना जा रहा है।
मिली जानकारी के अनुसार, एसटीएफ को सटीक गुप्त सूचना मिली थी कि नासिर और दानिश पहलवान गिरोह का सक्रिय सदस्य मोहम्मद सलीम किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने के इरादे से बदरपुर क्षेत्र में आने वाला है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने इलाके की घेराबंदी कर जाल बिछाया। जैसे ही सलीम मौके पर पहुँचा और खुद को पुलिस से घिरा पाया, उसने आत्मसमर्पण करने के बजाय टीम पर गोलियां चलानी शुरू कर दीं। पुलिस ने आत्मरक्षार्थ जवाबी कार्रवाई की, जिसमें एक गोली सलीम के पैर में लगी और वह घायल होकर गिर पड़ा।
पकड़ा गया आरोपी मोहम्मद सलीम उर्फ ‘गंजा’ दिल्ली पुलिस के लिए लंबे समय से बड़ी चुनौती बना हुआ था और उसका आपराधिक रिकॉर्ड बेहद खतरनाक रहा है। उस पर हत्या, हत्या के प्रयास, डकैती, लूट और सेंधमारी समेत 75 से अधिक गंभीर मामले दर्ज हैं। वह 20 से ज्यादा मामलों में वांछित चल रहा था और फरार रहते हुए सक्रिय रूप से गैंग से जुड़ा हुआ था। सलीम दिल्ली के चर्चित गैंगस्टर सलीम पहलवान की हत्या के मुख्य आरोपियों में भी शामिल है और फिलहाल नासिर व दानिश पहलवान गैंग के लिए काम कर रहा था।
मुठभेड़ के बाद पुलिस ने मौके से एक अवैध पिस्तौल, कई जिंदा कारतूस और कुछ आपत्तिजनक सामग्री बरामद की है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सलीम की गिरफ्तारी से इलाके में सक्रिय अपराधियों के बीच कड़ा संदेश जाएगा। पुलिस अब इस एंगल से जांच कर रही है कि फरारी के दौरान सलीम को छिपने के लिए जगह और संसाधन कौन मुहैया करा रहा था। साथ ही, पुलिस उन 'टारगेट्स' का भी पता लगा रही है जिन्हें सलीम ने अगली वारदात के लिए चुना था। दिल्ली पुलिस की इस त्वरित और पेशेवर कार्रवाई ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि राजधानी की शांति भंग करने की कोशिश करने वाले अपराधियों के लिए कानून के हाथ बहुत लंबे हैं।