नई दिल्ली

एनसीआर में विकसित होंगे चार नई ग्रीनफील्ड नमो सिटी

दिल्ली पर आबादी के दबाव को कम करने के लिए एनसीआर क्षेत्र में चार नए ग्रीनफील्ड शहर विकसित किए जाएंगे। आरआरटीएस कॉरिडोर के पास विकसित होने वाले ये चार शहर एनसीआर में शामिल राजस्थान, हरियाणा, उत्तर प्रदेश और दिल्ली में चारों राज्यों में एक-एक स्थापित किया जाएगा
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Updated: 17 Jun 2026, 4:24 PM IST
new greenfield Namo Cities

नई दिल्ली। दिल्ली पर आबादी के दबाव को कम करने के लिए एनसीआर क्षेत्र में चार नए ग्रीनफील्ड शहर विकसित किए जाएंगे। आरआरटीएस कॉरिडोर के पास विकसित होने वाले ये चार शहर एनसीआर में शामिल राजस्थान, हरियाणा, उत्तर प्रदेश और दिल्ली में चारों राज्यों में एक-एक स्थापित किया जाएगा। केन्द्र सरकार पांच सालों में इसके लिए पांच हजार करोड़ की सहायता देगा। राजस्थान में इसके लिए अलवर, खैरथल-तिजारा और कोटपूतली- बहरोड़ जिलों में जमीन तलाशी जाएगी। यह निर्णय मंगलवार को यहा विज्ञान भवन में राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र योजना बोर्ड (एनसीआर प्लानिंग बोर्ड) की 42वीं बैठक में हुआ।

नहीं बदलेगा एनसीआर क्षेत्र

बैठक में तय किया गया कि एनसीआर के क्षेत्रीय दायरे में कोई बदलाव नहीं होगा और वर्तमान सीमा बरकरार रहेगी। रीजनल प्लान-2041 को अंतिम रूप देने के लिए केंद्र सरकार व हरियाणा, उत्तर प्रदेश, राजस्थान और दिल्ली सरकारों के वरिष्ठ अधिकारियों की एक उप-समिति (सब-कमेटी) 15 अगस्त तक अपनी अंतिम रिपोर्ट एनसीआर प्लानिंग बोर्ड को सौंपेगी। वहीं एनसीआर के प्रदूषण नियंत्रण के लिए इसे तीन जोन में बांटा जाएगा। अरावली मुद्दे पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के पबाद आगे कार्रवाई होगी।

इसलिए कहलाएंगे नमो सिटी

प्रस्तावित नए शहर आरआरटीएस (रैपिड रेल ट्रांजिट सिस्टम) कॉरिडोर के नमो भारत ट्रेन ट्रैक के साथ बसाए जाएंगे। इसलिए इन्हें नमो सिटी कहा जाएगा। प्लानिंग बोर्ड ऐसे 8 शहर बसाना चाहता है और टोक्यो की तर्ज दिल्ली का विकास करना चाहता है। पहले चरण में चार शहरों को मंजूरी दी गई है।

30 मिनट ट्रेन राइड

प्रारम्भिक तौर पर दो से तीन लाख की आबादी के लिए बसाए जाने वाले इन शहरों को आधुनिक, पर्यावरण-अनुकूल और आत्मनिर्भर शहरी केंद्रों के रूप में विकसित किया जाएगा। यह नए शहर पूरी तरह से सस्टेनेबल होंगे और आधुनिक सुविधाओँ से युक्त होंगे इसमें आधुनिक सुविधाएं होंगी। इसके लिए गिफ्ट सिटी की तर्ज पर इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित किया जा सकता है।

तीन में से एक शहर को चुना जाएगा

दिल्ली, हरियाणा, उत्तर प्रदेश और राजस्थान की सरकारें तीन-तीन संभावित लोकेशन के प्रस्ताव देंगी। इन प्रस्तावों में से एक-एक जगह को चुन लिया जाएगा। दिल्ली के मामले में एक सब-सिटी विकसित की जाएगी। तीस मिनट में एनसीआर तक पहुंच इसका मुख्य फीचर होगा।

राजस्थान में नमो भारत का प्रस्तावित रूट

दिल्ली के सराय कालेखां से अलवर को जोड़ने वाली यह नमो भारत रैपिड रेल कुल 164 किलोमीटर लम्बे ट्रैक पर बनेगी जिसके बाइस स्टेशन होंगे। इसका पहला फेज सराय काले खां से धारूहेडा होते हुए बावल तक होगा। दूसरे चरण में बहरोड़ एसएनबी और तीसरे व चौथे चरण में सोतानाला व अलवर को जोड़ा जाएगा।

यह थे मौजूद

केंद्रीय आवासन एवं शहरी कार्य मंत्री मनोहर लाल, हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी, दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता, उत्तर प्रदेश के कैबिनेट मंत्री एके शर्मा और राजस्थान के स्थानीय निकाय मंत्री झाबर सिंह खर्रा ने बैठक में हिस्सा लिया।

इनका कहना है

एनसीआरपीबी की बैठक में नमो सिटी का प्रस्ताव पास हुआ है। हम तीन शहरों का प्रस्ताव भेजेंगे। इसके लिए जमीन की तलाश करेंगे और राज्य सरकार व स्थानीय स्तर पर विचार विमर्श के बाद इसके विकास की परियोजना बनाएंगे। सार्वजनिक या निजी अथवा पीपीपी मोड तीनों में से जो फीजिबल होगा उसकी संभावना देखने के बाद जल्द ही प्रस्ताव भिजवाएंगे। इसे हम प्राथमिकता से लेंगे।

- झाबर सिंह खर्रा, स्थानीय निकाय मंत्री, राजस्थान

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17 Jun 2026, 4:24 PM IST
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