नई दिल्ली

‘सी यू देयर’: CJP के बाद AISA की नेहा बोरा ने दिया समर्थन, 1 नवंबर को रामलीला मैदान में INDIA गठबंधन का बड़ा प्रदर्शन

INDIA Bloc Protest: INDIA गठबंधन के 1 नवंबर को दिल्ली के रामलीला मैदान में होने वाले CEC विरोध प्रदर्शन को AISA अध्यक्ष नेहा बोरा और CJP संस्थापक अभिजीत दिपके ने समर्थन दिया है। प्रदर्शन में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे, SIR प्रक्रिया पर रोक और 2023 के कानून को वापस लेने की मांग उठाई जाएगी।
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Updated: 30 Oct 2026, 7:33 PM IST
neha bora support india bloc
CJP के बाद AISA की नेहा बोरा ने दिया समर्थन, फोटो सोर्स- IANS

AISA president Neha bora support india bloc: मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के खिलाफ INDIA गठबंधन की ओर से 1 नवंबर को दिल्ली के रामलीला मैदान में आयोजित होने वाले विरोध प्रदर्शन को अब छात्र संगठन ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (AISA) की अध्यक्ष नेहा बोरा ने भी समर्थन दिया है। इससे पहले CJP के संस्थापक अभिजीत दिपके ने भी इस प्रदर्शन के समर्थन का ऐलान किया था। अब नेहा बोरा ने लोगों से बड़ी संख्या में रामलीला मैदान पहुंचने की अपील की है।

AISA अध्यक्ष नेहा बोरा ने सोशल मीडिया पर जारी एक वीडियो संदेश में कहा कि मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे, स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) प्रक्रिया पर पूरी तरह रोक लगाने और 2023 के कानून को वापस लेने की मांग को लेकर 1 नवंबर को रामलीला मैदान में आंदोलन किया जाएगा। उन्होंने कहा कि ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे, SIR प्रक्रिया पर पूरी तरह रोक लगाने और 2023 के कानून को वापस लेने की हमारी मांग 1 नवंबर को रामलीला मैदान में एक आंदोलन का रूप लेगी।

मतदान के अधिकारों की रक्षा के लिए पहुंचने की अपील

AISA अध्यक्ष नेहा बोरा ने नागरिकों से 1 नवंबर को रामलीला मैदान पहुंचने की अपील करते हुए कहा कि यह प्रदर्शन मतदान के अधिकारों की रक्षा और लोकतंत्र की गरिमा बनाए रखने के लिए है। उन्होंने लोगों से इस आंदोलन में शामिल होने का आग्रह किया।

CJP के अभिजीत दिपके ने भी दिया था समर्थन

बता दें कि इससे पहले CJP के संस्थापक अभिजीत दिपके ने भी INDIA गठबंधन के इस प्रदर्शन को समर्थन दिया था। CJP की ओर से SIR प्रक्रिया और चुनाव आयोग की भूमिका को लेकर लगातार सवाल उठाए जा रहे हैं। अभिजीत दिपके ने भी 1 नवंबर को रामलीला मैदान में होने वाले विरोध प्रदर्शन के समर्थन में अपनी बात रखी थी।

1 नवंबर को होने वाले इस प्रदर्शन में मुख्य रूप से तीन मांगें उठाई जाएंगी। प्रदर्शनकारी मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे, स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) प्रक्रिया पर पूरी तरह रोक लगाने और साल 2023 में बनाए गए संबंधित कानून को वापस लेने की मांग करेंगे।

Updated on:
30 Oct 2026, 7:33 PM IST
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