
AISA president Neha bora support india bloc: मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के खिलाफ INDIA गठबंधन की ओर से 1 नवंबर को दिल्ली के रामलीला मैदान में आयोजित होने वाले विरोध प्रदर्शन को अब छात्र संगठन ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (AISA) की अध्यक्ष नेहा बोरा ने भी समर्थन दिया है। इससे पहले CJP के संस्थापक अभिजीत दिपके ने भी इस प्रदर्शन के समर्थन का ऐलान किया था। अब नेहा बोरा ने लोगों से बड़ी संख्या में रामलीला मैदान पहुंचने की अपील की है।
AISA अध्यक्ष नेहा बोरा ने सोशल मीडिया पर जारी एक वीडियो संदेश में कहा कि मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे, स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) प्रक्रिया पर पूरी तरह रोक लगाने और 2023 के कानून को वापस लेने की मांग को लेकर 1 नवंबर को रामलीला मैदान में आंदोलन किया जाएगा। उन्होंने कहा कि ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे, SIR प्रक्रिया पर पूरी तरह रोक लगाने और 2023 के कानून को वापस लेने की हमारी मांग 1 नवंबर को रामलीला मैदान में एक आंदोलन का रूप लेगी।
AISA अध्यक्ष नेहा बोरा ने नागरिकों से 1 नवंबर को रामलीला मैदान पहुंचने की अपील करते हुए कहा कि यह प्रदर्शन मतदान के अधिकारों की रक्षा और लोकतंत्र की गरिमा बनाए रखने के लिए है। उन्होंने लोगों से इस आंदोलन में शामिल होने का आग्रह किया।
बता दें कि इससे पहले CJP के संस्थापक अभिजीत दिपके ने भी INDIA गठबंधन के इस प्रदर्शन को समर्थन दिया था। CJP की ओर से SIR प्रक्रिया और चुनाव आयोग की भूमिका को लेकर लगातार सवाल उठाए जा रहे हैं। अभिजीत दिपके ने भी 1 नवंबर को रामलीला मैदान में होने वाले विरोध प्रदर्शन के समर्थन में अपनी बात रखी थी।
1 नवंबर को होने वाले इस प्रदर्शन में मुख्य रूप से तीन मांगें उठाई जाएंगी। प्रदर्शनकारी मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे, स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) प्रक्रिया पर पूरी तरह रोक लगाने और साल 2023 में बनाए गए संबंधित कानून को वापस लेने की मांग करेंगे।