
Delhi Protest: राजधानी दिल्ली के जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के प्रदर्शन के दौरान हुई हिंसा और पुलिस कार्रवाई का मामला अब सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है। हालांकि, सर्वोच्च न्यायालय ने इस मामले में तत्काल सुनवाई से इनकार कर दिया। इस बीच दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शन के दौरान हुई हिंसा और कानून-व्यवस्था से जुड़े मामलों में अब तक 10 एफआईआर दर्ज कर ली हैं। वहीं, हालात को देखते हुए दिल्ली मेट्रो के 16 स्टेशन अगले आदेश तक बंद कर दिए गए हैं।
जंतर-मंतर पर प्रदर्शनकारियों के खिलाफ कथित पुलिस कार्रवाई को लेकर दायर याचिका पर सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता के वकील ने सुप्रीम कोर्ट से वीडियो देखकर स्वत: संज्ञान लेने की मांग की। इस पर मुख्य न्यायाधीश (CJI) सूर्यकांत ने कहा कि अदालत के पास वीडियो देखने का समय नहीं है। इसके साथ ही कोर्ट ने मामले पर तत्काल सुनवाई से इनकार कर दिया।
सीजेआई सूर्यकांत ने प्रदर्शनकारियों पर कथित पुलिस कार्रवाई के खिलाफ दायर याचिका पर सुनवाई के दौरान कहा, "हमारा समय बर्बाद मत कीजिए।" जब याचिकाकर्ता के वकील ने कहा कि पुलिस की कथित ज्यादतियों को दिखाने वाले वीडियो मौजूद हैं, तो इस पर सीजेआई सूर्यकांत ने कहा, "हमें वीडियो में कोई रुचि नहीं है। हमारे पास वीडियो देखने का समय नहीं है।"
दिल्ली पुलिस ने बताया कि संसद तक निकाले गए CJP मार्च के दौरान हुई हिंसक घटनाओं के संबंध में 10 एफआईआर दर्ज की गई हैं। इसमें संसद मार्ग थाने में चार, कनॉट प्लेस (सीपी) थाने में तीन, मंदिर मार्ग, बाराखंभा रोड और कर्तव्य पथ थाने में एक-एक एफआईआर दर्ज की गई है। इनमें एक मामला संसद सत्र के दौरान हाई सिक्योरिटी क्षेत्र में बिना अनुमति ड्रोन उड़ाने से जुड़ा है।
दिल्ली पुलिस ने बताया कि रैपिड एक्शन फोर्स (RAF) के एक जवान पर हमले के मामले में भी एफआईआर दर्ज की गई है। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में कुछ लोग RAF जवान के साथ मारपीट करते और उसकी गाड़ी पर पथराव व तोड़फोड़ करते दिखाई दे रहे हैं। पुलिस ने बताया कि फिलहाल सभी मामलों में अज्ञात लोगों को आरोपी बनाया गया है और जांच चल रही है।
प्रदर्शन के दौरान हिंसा के लिए जिम्मेदार लोगों की पहचान करने के लिए दिल्ली पुलिस की जांच टीमें 250 से अधिक वीडियो की जांच कर रही हैं। इनमें मोबाइल फोन से बनाई गई रिकॉर्डिंग, सीसीटीवी फुटेज, ड्रोन कैमरों के वीडियो और पुलिसकर्मियों के बॉडी कैमरों की रिकॉर्डिंग शामिल हैं।
सोमवार को हजारों प्रदर्शनकारी नीट पेपर लीक और परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं के विरोध में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर जंतर-मंतर से संसद तक मार्च निकाल रहे थे। जबकि पुलिस उन्हें रोक रही थी। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने बैरिकेड्स तोड़ने की कोशिश की, जिसके बाद सुरक्षाकर्मियों और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़प हो गई। इसमें दर्जनों पुलिसकर्मी घायल हुए, जबकि 50 से अधिक प्रदर्शनकारियों को भी चोटें आईं।
आज भी जंतर-मंतर पर बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारी जुटे हुए हैं। इस बीच, दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (DMRC) ने अगले आदेश तक 16 मेट्रो स्टेशनों को बंद कर दिया है। इसमें लोक कल्याण मार्ग, राजीव चौक, पटेल चौक, रामकृष्ण आश्रम मार्ग, बाराखंभा रोड, सुप्रीम कोर्ट, सेवा तीर्थ, जनपथ, मंडी हाउस, केंद्रीय सचिवालय, आईटीओ, दिल्ली गेट, इंद्रप्रस्थ, खान मार्केट, जोर बाग और शिवाजी स्टेडियम शामिल हैं।