नई दिल्ली

संविधान सदन के भित्तिचित्र सभ्यतागत यात्रा को दर्शाने वाली दृश्य कथाएं: राधाकृष्णन

नई दिल्ली। उपराष्ट्रपति और राज्यसभा के अध्यक्ष सीपी राधाकृष्णन ने कहा कि संविधान सदन के भित्ति चित्र मात्र कलाकृतियां नहीं हैं, बल्कि भारत की सभ्यतागत यात्रा को प्रतिबिंबित करने वाली दृश्य कथाएं हैं। राधाकृष्णन और लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने संयुक्त रूप से राज्यसभा सांसद सुधा मूर्ति द्वारा लिखित पुस्तक ‘टाइड्स ऑफ टाइम: भारत’स हिस्ट्री […]

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नई दिल्ली। उपराष्ट्रपति और राज्यसभा के अध्यक्ष सीपी राधाकृष्णन ने कहा कि संविधान सदन के भित्ति चित्र मात्र कलाकृतियां नहीं हैं, बल्कि भारत की सभ्यतागत यात्रा को प्रतिबिंबित करने वाली दृश्य कथाएं हैं।

राधाकृष्णन और लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने संयुक्त रूप से राज्यसभा सांसद सुधा मूर्ति द्वारा लिखित पुस्तक ‘टाइड्स ऑफ टाइम: भारत’स हिस्ट्री थ्रू मुरल्स इन पार्लियामेंट’ का विमोचन किया। यह कार्यक्रम संविधान सदन में किया गया, जबकि पुस्तक का प्रकाशन लोकसभा सचिवालय ने किया। इस अवसर पर राधाकृष्णन ने सुधा मूर्ति की सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने संसद की भित्ति चित्रों की शाश्वत सुंदरता और गहन प्रतीकात्मकता को बखूबी दर्शाया है। उन्होंने कहा कि परंपराएं व्यापक सभ्यतागत लोकाचार का हिस्सा हैं जो संवाद, सहमति और विविध विचारों के सम्मान को महत्व देता है, जिससे भारत को लोकतंत्र की जननी" कहा जाता है।

ऐतिहासिक चेतना से प्रभावित होती है राष्ट्र की शक्ति-विकास की दिशा: बिरला

लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कहा कि किसी राष्ट्र की शक्ति और उसके विकास की दिशा उसकी ऐतिहासिक चेतना से प्रभावित होती है। सदियों से अनेक चुनौतियों का सामना करने के बावजूद, देश ने निरंतर दृढ़ता, साहस और प्रगति के प्रति अटूट प्रतिबद्धता का परिचय दिया है। बिरला ने कहा कि यह पुस्तक संसद के भित्तिचित्रों में उकेरे गए समृद्ध इतिहास, संस्कृति और सभ्यतागत विरासत को जन-जन तक पहुंचाने का एक सशक्त और प्रभावी माध्यम है। उन्होंने इस बात का उल्लेख भी किया कि ऐतिहासिक संविधान सदन की दीवारों पर लगे चित्र भारत की प्राचीन विरासत, समृद्ध संस्कृति और स्वतंत्रता के ऐतिहासिक संघर्ष को समाहित करते हुए भारत की गौरवगाथा को सजीव रूप में प्रस्तुत करते हैं। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह पुस्तक युवा पीढिय़ों को भारत की जड़ों, सांस्कृतिक विरासत और राष्ट्रीय पहचान से पुन: जोडऩे में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी, जिससे उनमें गौरव और अपनेपन की भावना बढ़ेगी।

युवाओं में इतिहास और विरासत के बारे में जागरूकता की कमी-सुधा

पुस्तक की लेखिका सांसद सुधा मूर्ति ने इस पुस्तक के प्रकाशन में सहयोग के लिए लोक सभा अध्यक्ष ओम बिरला, लोक सभा के महासचिव उत्पल कुमार सिंह और लोक सभा सचिवालय के प्रति आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि देश के युवाओं के साथ संवाद करके उन्हें पता चला कि भारत के इतिहास और विरासत के बारे में जागरूकता की कमी है जो चिंताजनक है। उन्होंने इस बात पर बल दिया कि इतिहास केवल तारीखों या छिटपुट घटनाओं का संग्रह मात्र नहीं है, बल्कि निरंतर चलने वाला एक जीवंत क्रम है, जो हमारी पहचान, मूल्यों और दुनिया को देखने के नजरिए को प्रभावित करता है।

Published on:
02 Apr 2026 12:27 pm
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