नई दिल्ली

एलियंस पर नया दावा… वेटिकन को सदियों से सब पता था

यूएफओ कैंपेनर ने कहा, साक्ष्यों के दस्तावेज चर्च के अभिलेखागार में

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Aug 14, 2024

लंदन. एलियंस और यूएफओ (अज्ञात उडऩ तश्तरी) को लेकर तरह-तरह के दावे किए जाते रहे हैं। नया दावा अमरीका के यूएफओ कैंपेनर स्टीव बैसेट ने किया है। उनके मुताबिक कैथोलिक चर्च (वेटिकन) यूएफओ के बारे में काफी पहले से जानता था। उसने जानकारी को छिपाए रखा। बैसेट का दावा है कि अगर जांच की जाए तो वेटिकन के अभिलेखागार में साक्ष्यों के दस्तावेज मिल जाएंगे।ब्रिटिश अखबार द सन को दिए इंटरव्यू में स्टीव बैसेट ने कहा कि चर्च के धार्मिक चित्रों में एलियंस के अस्तित्व का संकेत मिलता है। कैथोलिक चर्च इस बारे में सैकड़ों-हजारों साल पहले से जानता है। सदियों से बहुत-सी असाधारण जानकारी वेटिकन लाइब्रेरी और अभिलेखागार में बंद पड़ी हैं। उन्होंने दावा किया कि पृथ्वी पर 1933 में दुर्घटनाग्रस्त एक यान से कम से कम दस एलियंस बरामद किए गए थे। इटली ने 1933 में मुसोलिनी के शासनकाल के दौरान एक यूएफओ खोजा था।

अमरीकी सरकार को भी थी जानकारी

पिछले साल अमरीकी एयरफोर्स के पूर्व अफसर डेविड ग्रुश ने दावा किया था कि अमरीका के पास यूएफओ के टुकड़े मौजूद हैं। बैसेट ने कहा कि अब तक के सबूत मामूली हैं। ग्रुश के दावों की जांच की जरूरत है। अगर जांच होती है तो पता चलेगा कि अमरीकी सरकार 1947 की रोसवेल घटना (कथित रूप से उडऩ तश्तरी मिलना) से काफी पहले एलियंस के अस्तित्व के बारे में जानती थी।

होली सी से प्रवेश की इजाजत आसान नहीं

स्टीव बैसेट के दावे के बाद विशेषज्ञ वेटिकन के अभिलेखागार पहुंचने की कोशिश कर रहे हैं। उन्हें हजारों साल के रिकॉर्ड खंगालने के लिए चर्च के सर्वोच्च शासी निकाय होली सी से प्रवेश की इजाजत लेनी होगी। बैसेट ने कहा कि चर्च शोधकर्ताओं को अंदर जाने की तब तक इजाजत नहीं देगा, जब तक अमरीकी राष्ट्रपति औपचारिक रूप से एलियंस के अस्तित्व का खुलासा नहीं करते।

Published on:
14 Aug 2024 01:40 am
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