RBI ने दी लोन होल्डर्स को राहत, 30 दिनों का एकस्ट्रा टाइम

30 दिनों का अतिरिक्त समय दिया गया है। यह नियम 1 नवंबर और 31 दिसंबर के बीच पेमेंट की जाने वाली किश्तों पर लागू होगा।

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Dec 28, 2016
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नई दिल्ली। नोटबंदी के बाद रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (आरबीआई) ने बुधवार को लोन अकाउंट होल्डर को राहत दी है। आरबीआई द्वारा जारी नए नोटिफिकेशन के तहत 1 करोड़ तक के हाउसिंग, कार, फार्म जैसे लोन होल्डर को जनवरी में लोन नहीं चुकाने पर एनपीए की कैटेगरी में नहीं डाला जाएगा। उन्हें 30 दिनों का अतिरिक्त समय दिया गया है। यह नियम 1 नवंबर और 31 दिसंबर के बीच पेमेंट की जाने वाली किश्तों पर लागू होगा।

इससे पहले नवंबर और दिसंबर के लिए लोगों को यह सुविधा दी गई थी। इसका मतलब है कि अगर किसी अकाउंट होल्डर का लोन अकाउंट नवंबर, दिसंबर या जनवरी में ईएमआई नहीं चुकाने से एनपीए बन सकता था, उसे नए निर्देश के बाद राहत मिल गई है। आरबीआई ने यह छूट एक करोड़ रुपए तक के लोन पर दी है।

EMI पेमेंट में देरी है कारण
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा 8 नवंबर को नोटबंदी की घोषणा के बाद 500 और 1000 रुपये के नोट बाजार से खत्म हो जाने के कारण भारतीय बाजार में गिरावट होने की उम्मीद और लोन डिफॉल्टरों की संख्या में वृद्धि के अनुमान के कारण आरबीआई ने यह फैसला लिया है। नोटबंदी के बाद आरबीआई द्वारा जारी कमर्शियल बैंकों के लिए निर्देश के कारण लोन चुकाने में लोगों को कठिनाई हो रही थी। बैंको के पास पर्याप्त कैश का ना होना और 24 हजार से अधिक की निकासी पर रोक के कारण लोन होल्डर लोन चुकता करने में असमर्थ महसुस कर रहे थे।

1 करोड़ तक के लोन वाले को राहत
आरबीआई द्वारा जारी नए नियम के मुताबिक कोई भी व्यक्ति जिसने फाइनेंस कंपनी, प्राइमरी एग्रीकल्चर क्रेडिट सोसाइटी, डिस्ट्रिक्ट सेंट्रल कोऑपरेटिव बैंक से एक करोड़ रुपए तक का लोन ले रखा है, उन्हें इस नियम से राहत मिलने की उम्मीद है। इसके अलावा पर्सनल लोन, ओवरड्रॉफ्ट और कैश क्रेडिट अकाउंट से एक करोड़ रुपए तक का लोन लेने वाले कस्टमर को राहत मिलेगी।

किस तरह के लोन को किया गया है शामिल
जिस व्यक्ति ने हाउसिंग फाइनेंस कंपनी जैसे एलआईसी हाउसिंग, एचडीएफसी से होम लोन ले रखा है या फिर किसी ने ट्रक, बस, थ्री व्हीलर जैसे ऑटो लोन फाइनेंस कंपनियों से ले रखे हैं। इसके अलावा किसी व्यक्ति ने माइक्रोफाइनेंस कंपनी से भी लोन ले रखा है।

RBI द्वारा जारी निर्देश
आरबीआई ने क्या कहा कि बुधवार को आरबीआई द्वारा जारी निर्देश के अनुसार कंपनियां ऐसे किसी व्यक्ति के लोन को एनपीए या सब स्टैंडर्ड कैटेगरी में नहीं डालेगी, जिसका लोन ईएमआई नहीं चुकाने से एक नवंबर से 31 दिसंबर 2016 के बीच एनपीए घोषित हो सकता है।
Published on:
28 Dec 2016 10:41 pm
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