Uttam Nagar murder case: उत्तम नगर हत्याकांड में मृतक तरुण की मां ने बड़ा खुलासा करते हुए बताया कि उनका बेटा पशुओं से बेहद लगाव रखता था और मोहल्ले में सबसे समझदार लड़का माना जाता था। आवारा जानवरों की देखभाल करने और उन्हें नुकसान पहुंचाने वालों को टोकने की वजह से कुछ लोग उससे चिढ़ते थे, जो इस हत्या की वजह बन सकती है।
Uttam Nagar murder case: उत्तम नगर हत्याकांड में मृतक तरुण की मां ने एक और खुलासा किया है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, तरुण की मां ने बताया है कि उनका बेटा पूरे मोहल्ले में सबसे स्मार्ट लड़का था। उसे जानवरों से ज्यादा लगाव था, इसलिए वह घूमने वाली गायें और आवारा कुत्तों से प्यार करता था। जानवरों की देखभाल करना कुछ लोगों से देखा नहीं जाता था। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि बेटे को मारने वालों के बच्चे जब गायों पर पानी, एसिट और पेट्रोल डालकर भागते थे तब तरुन ही उनको डांटता था। इसलिए वे मेरे बेटे से चिढ़ते रहते थे।
तरुण की मां ने अपनी पीड़ा व्यक्त करते हुए कहा कि संकट की इस घड़ी में जहां समाज को परिवार का संबल बनना चाहिए था, वहीं कुछ लोग संवेदनहीनता दिखाते हुए हमलावरों के पक्ष में खड़े नजर आ रहे हैं और तरुण के खिलाफ भ्रामक अफवाहें फैला रहे हैं। उन्होंने पुलिसिया कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए स्पष्ट किया कि मेरे बेटे पर हमला करने वालों की संख्या कम से कम 21 थी, जिनमें से 5 मुख्य आरोपी अब भी कानून की पकड़ से बाहर हैं। न्याय की गुहार लगाते हुए उन्होंने मांग की कि सरकार को इस मामले में तत्काल कठोर कदम उठाने चाहिए ताकि सभी दोषियों को उनके किए की सजा मिल सके।
तरुण की मां सुनीता ने सामाजिक एकजुटता की अपील करते हुए भावुक शब्दों में कहा कि दुख की इस घड़ी में उस समुदाय के लोगों को हमारे साथ खड़ा होना चाहिए था, जिनके बीच से आए हमलावरों ने मेरे परिवार का स्तंभ छीन लिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनकी लड़ाई किसी वर्ग या समुदाय विशेष से नहीं, बल्कि केवल उन मुजरिमों से है जिन्होंने इस जघन्य अपराध को अंजाम दिया है। सुनीता ने आगे कहा कि आरोपियों की तरफदारी करने के बजाय उस समाज के लोगों को हमसे मिलना चाहिए और संवाद करना चाहिए, ताकि न्याय की इस लड़ाई में मानवीय संवेदनाएं जीवित रहें।
4 मार्च का दिन था और पूरा देश होली के रंग में रंगा हुआ था। इसी बीच, दिल्ली के उत्तम नगर में भी होली खेली जा रही थी, लेकिन वहां की होली में रंग नहीं, बल्कि खून शामिल था। दरअसल, पानी का गुब्बारा एक मुस्लिम महिला को लग गया था। इसी बात को लेकर मामला इतना आगे बढ़ गया था कि दो पक्ष आपस में भिड़ गए। परिणाम ये निकला कि एक पक्ष के तरुण को इतनी चोटें आईं कि उसका इलाज के दौरान ही मौत हो गई। अब कई हिंदू संगठन से जुड़े लोग इकट्ठा होकर इंसाफ दिलाने के लिए नारे लगा रहे हैं। वहीं इस मामले में पुलिस ने लगभग 10 लोगों को गिरफ्तार किया है और आगे की कार्रवाई कर रही है।