स्वास्थ विभाग की टीम पहुंची गांव
सास्थ्य विभाग की टीम पहुंची गांव, ग्रामीणों का किया परीक्षण
बमीठा. गंगवाहा गांव में अचानक उल्टी दस्त की बीमारी फैल गई। पिछले सप्ताह रविवार को अस्पताल ले जाते समय दो बच्चों की मौत हो गई। इसके अलावा गांव के दर्जन भर से अधिक बच्चे व अन्य लोग बीमार हैं। उल्टी दस्त बीमारी की जानकारी लगने पर सोमवार को सीएमएचओ व सास्थ्य विभाग की टीम गांव पहुंची। लोगों का सास्थ्य परीक्षण किया और कुएं के पानी का सैंपल जांच के लिए भेजा गया है।
दूसरी जगह ले जाते समय तोड़ दिया दो बच्चों ने दम
पिछले सप्ताह रविवार को रमेश आदिवासी अपने दो बच्चों को अरविंद आदिवासी उम्र 11 वर्ष , रोशनी आदिवासी उम्र 5 वर्ष उल्टी दस्त होने पर बमीठा सास्थ्य केंद्र लेकर आये थे, जहां डॉक्टर नही मिलने पर निजी डॉक्टर के क्लीनिक ले जाते समय दोनों ने रास्ते में दम तोड़ दिया। वहीं, इसके बाद रमेश आदिवासी के अन्य परिजन व पड़ोसी भी बीमार होने लगे। एक सप्ताह बाद सोमवार को मिनजी उर्फ बोरा आदिवासी उम्र 30 वर्ष , रामकली उर्फ बोरु आदिवासी उम्र 25 वर्ष, रामा आदिवासी उम्र 7 वर्ष उल्टी दस्त होने पर बमीठा सास्थ्य केंद्र आए, तो गांव में उल्टी दस्त की बीमारी फैलने की बात सामने आई। बीमार लोगों का बमीठा अस्पताल में उपचार कर बेहतर इलाज के लिए जिला अस्पताल लाया गया है।
कुएं के पानी का सैंपल भेजा
गंगवाहा में उलटी दस्त के मरीज निकलने पर स्वास्थ्य विभाग की टीम ने सोमवार को गांव का निरीक्षण किया। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग अधिकारी डॉ आर पी गुप्ता टीम के साथ गंगवाहा गांव पहुंचे। लोगो को ओआरएस एवं उबला पानी पीने की सलाह दी। जिस कुएं का पानी पीने से ग्रामीण बीमार हुए, उसके पानी का सैंपल लेकर जांच के लिए भेजा गया। मौके पर मौजूद सास्थ्य विभाग की टीम ने बताया कि बीमार ग्रामीणों ने कुछ दिन पहले मछली का सेवन किया और कुएं का पानी पी रहे थे। कुएं के पानी को पीने से रोक दिया गया है। गांव के लोगों का सास्थ्य परीक्षण किया गया।
एक सप्ताह से बीमारी का प्रकोप, सोमवार को मचा हडक़ंप
गंगवाहा गांव में एक सप्ताह से बीमारी का प्रकोप है। ज्यादातर लोगों ने निजी डॉक्टरों के यहां इलाज कराया और स्वस्थ हो गए। लेकिन सोमवार को जब नए मरीज सामने आए तो हडक़ंप मच गया। ग्रामीणों का कहना है कि गांव के कुएं में दवाइ नहीं डाली जा रही है। वहीं कुछ लोग हैंडपंप का पानी भी पी रहे हैं।
इनका कहना है
गांव में सास्थ्य विभाग की टीम पहुंची है। ग्रामीणों का सास्थ्य परीक्षण किया गया है। पानी का सैंपल जांच के लिए भेजा है। मेडिकल टीम को तैनात किया गया है।
डॉ. आरपी गुप्ता, सीएमएचओ