Farmer Protest समाजवादी पार्टी के राज्यसभा सांसद ( rajya sabha mps ) गोपाल यादव ने नए कृषि कानूनों के विरोध में चल रहे किसान आंदोलन को लेकर मोदी सरकार काे संसद में जमकर घेरा। सवाल उठाया कि आखिर सरकार किसानाें पर तीन कृषि कानून क्यों लादना चाहती है ?
पत्रिका न्यूज़ नेटवर्क
नोएडा. नए कृषि कानूनों के विरोध में चल रहे किसान आंदोलन (Farmer Protest ) को लेकर विरोधी दलों ने सरकार को संसद के अंदर भी घेरने की काेशिश की है। राज्यसभा सांसद रामगोपाल यादव ( Rajya Sabha MP Ram Gopal Yadav ) नए कृषि कानूनों को लेकर संसद में मोदी सरकार (Modi government ) के खिलाफ जमकर बरसे हैं। उन्होंने प्रधानमंत्री ( Prime Minister Narendra Modi ) पर टिप्पणी करते हुए यह तक कह डाला की मन की बात सुनाने के लिए तो प्रधानमंत्री आते हैं लेकिन उन्हें सिर्फ अपनी ही बात सुनाई देती है किसान इतने दिनों से खराब मौसम में अपने घरों को छोड़ कर बैठे हुए हैं। गाजीपुर बॉर्डर पर बैठे किसानों की आवाज उन्हे भी सुनाई नहीं देती।
सांसद रामगोपाल यादव ( Ramgopal Yadav ) ने यह भी कहा कि गाजीपुर बॉर्डर ( Ghazipur Border ) पर जो कंक्रीट की दीवारें बनाई जा रही हैं वह पार्लियामेंट की सुरक्षा से भी अधिक हैं। उन्होंने तंज भरे अंदाज में कहा कि क्या गाजीपुर बॉर्डर पर बैठे किसान हमला करने आ रहे हैं ? उन्होंने अपने भाषण में यह तक कह दिया गाजीपुर बॉर्डर पर सुरक्षा व्यवस्था के जो इंतजाम किए गए हैं ऐसे इंतजाम तो पाकिस्तान के बॉर्डर पर भी नहीं हैं।
सपा सांसद ने किसान आंदाेलन के मुद्दे पर मोदी सरकार का विरोध ही नहीं किया बल्कि यह प्रश्न भी उठाया कि सरकार आखिर किसानों पर जबरन तीन कानून क्यों लाना चाहती हैं ? उन्होंने यह भी पूछा कि सरकार जब तीन साल तक कानून को लागू करने से रोकने पर तैयार हैं तो ऐसे कानून को रिपील क्यों नहीं किया जा रहा ? उन्होंने कहा कि नए कृषि बिल स्टैंडिंग कमेटी (standing committee ) के पास भेजे जाने चाहिए और फिर उन्हें पास किया जाना चाहिए। अपनी इस दलील की वकालत करते हुए सांसद बाेले कि अगर नई कृषि बिलो को पहले ही सरकार स्टैंडिंग कमेटी के पास भेज देती तो आज यह हालात नहीं हाेते।