नोएडा

इस सर्दी नहीं होगी आंखों में जलन, प्रदूषित हवा से मिलेगा छुटकारा

नोएडा विकास प्राधिकरण के अधिकारियों का कहना है कि यह स्मॉग टावर दिल्ली-एनसीआर का दूसरा और उत्तर प्रदेश का पहला टावर है।
2 min read
Oct 06, 2021
smog.jpg

नोएडा. जल्द ही नोएडा में रहने वाले लोगों को वायु प्रदूषण से छूटकारा मिल जाएगा। जब सर्दियों के मौसम में पीक टाइम होता है, लोगों को आंखों में जलन और सांस लेने जैसी तमाम दिक्कतों का सामना करना पड़ता था। नोएडा विकास प्राधिकरण जल्द ही डीएनडी फ्लाई ओवर के पास स्मॉग टावर लगाने जा रही है। बताया जा रहा है कि टावर की डिजाइन का काम पूरा हो गया है।

सर्दियों में होती है स्मॉग की दिक्कत

नोएडा में स्मॉग टावर लग जाने से फिल्म सिटी सेक्टर- 16 ए और सेक्टर 14 को प्रदूषित हवा की दिक्कतों से छुटकारा मिल जाएगा। जानकारों का कहना है कि सर्दियों के शुरु होते ही अक्टूबर से लेकर फरवरी तक स्मॉग की काफी दिक्कत रहती है। दिल्ली और एनसीआर में सांस लेना दूभर हो जाता है।

चरम पर होता है वायु प्रदूषण

आपको बता दें कि अक्टूबर से फरवरी-मार्च तक नोएडा समेत दिल्ली-एनसीआर में वायु प्रदूषण चरम पर होता है। हवा में पीएम-2.5 के आंकड़े डराने लगते हैं। नोएडा विकास प्राधिकरण के अधिकारियों का कहना है कि यह स्मॉग टावर दिल्ली-एनसीआर का दूसरा और उत्तर प्रदेश का पहला टावर है।

एक किमी दायरे की हवा को किया जाएगा साफ

इस स्मॉग टावर में हवा छानने वाले 10 हज़ार फ़िल्टर लगे होंगे, जो हवा छानेंगे और 40 बड़े पंखे लगेंगे जो साफ़ हवा बाहर फेकेंगे। जानकारों ने बताया कि इस तरह के स्मॉग टावर से करीब एक किमी दायरे की हवा को ही साफ किया जा सकेगा।

अमेरिका से मंगाये गये हैं फिल्टर और फैन

जानकारी के मुताबिक, स्मॉग टावर 26 मीटर का होगा। इसमें कंक्रीट के टावर की ऊंचाई 20 मीटर होगी, जबकि उसके ऊपर छह मीटर की कैनोपी है। इसके बेस में चारों ओर 10-10 पंखे लगे हैं। प्रत्येक पंखा प्रति सेकेंड 25 घन मीटर फेंक सकता है, अर्थात एक सेकेंड में कुल 1000 घनमीटर हवा बाहर आ सकती है। टावर के भीतर दो लेयर में कुल 5000 फिल्टर लगाये गये हैं। फिल्टर और फैन अमेरिका से मंगाये गये हैं।

Published on:
06 Oct 2021 04:56 pm