
Inside Story Of Lady Don Noorie: नोएडा की कुख्यात लेडी डॉन नूरी ने शनिवार को पुलिस की सख्त घेराबंदी को धता बताते हुए डिस्ट्रिक्ट कोर्ट में आत्मसमर्पण कर दिया। गैंगस्टर एक्ट के तहत वांछित नूरी की तलाश में 3 थानों की पुलिस और विशेष टीमें जुटी थीं, लेकिन वह पुलिस को चकमा देकर कोर्ट पहुंचने में सफल रही।
स्थानीय लोगों के अनुसार, नूरी साल 2011 में अपने परिवार के साथ बिहार से नोएडा के सेक्टर-9 स्थित जेजे कॉलोनी में किराए के मकान में रहने आई थी।
2013 में उसने परिवार के साथ मिलकर हरियाणा से अवैध शराब लाकर नोएडा की गलियों में बेचनी शुरू की। इस दौरान परिवार के कई सदस्य पुलिस के हत्थे भी चढ़े। 2015 में नूरी ने गांजा तस्करी का कारोबार शुरू किया, जिसके बाद फेज-1 थाना पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। हालांकि उसके जेल जाने के बाद भी परिवार ने यह धंधा जारी रखा।
जेल से रिहा होने के बाद नूरी ने नशीले पदार्थों के कारोबार को तेजी से फैलाया। पुलिस जांच में सामने आया कि उसने गांजा, स्मैक और अन्य मादक पदार्थों की तस्करी का नेटवर्क दिल्ली-NCR तक फैला दिया और इसी अवैध कारोबार से करोड़ों रुपये की बेनामी संपत्ति बनाई।
जांच में खुलासा हुआ है कि नूरी का गिरोह ओडिशा से गांजे की बड़ी खेप ट्रेन, ट्रक, पार्सल और कूरियर के जरिए मंगाता था। पुलिस से बचने के लिए गिरोह दिव्यांगों और नाबालिगों का इस्तेमाल करता था, जो आसानी से अलग-अलग ठिकानों तक नशीले पदार्थ पहुंचा देते थे।
हाल ही में पुलिस ने नूरी की भतीजी को करीब 10 लाख रुपये की ड्रग्स के साथ गिरफ्तार किया था। इसके अलावा गिरोह के 5 अन्य सदस्यों को भी जेल भेजा जा चुका है।
नशीले पदार्थों की तस्करी से भारी कमाई करने के बाद नूरी ने अवैध खनन के कारोबार में भी प्रवेश कर लिया। पुलिस ने हाल ही में उसके कब्जे से JCB, डंपर और हाइवा जैसे भारी वाहन जब्त किए थे, जिनका इस्तेमाल अवैध खनन में किया जा रहा था।
पुलिस अब नूरी को रिमांड पर लेकर उसके अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क, गिरोह के अन्य सदस्यों और कथित संरक्षण देने वालों के बारे में पूछताछ करेगी। जांच एजेंसियों का मानना है कि आगे की कार्रवाई में कई बड़े नाम भी सामने आ सकते हैं।
नूरी के खिलाफ फेज-1 और सेक्टर-20 थानों में कुल 13 आपराधिक मामले दर्ज हैं। इनमें मादक पदार्थों की तस्करी, आबकारी अधिनियम और अन्य गंभीर धाराओं के केस शामिल हैं। पुलिस उसके पूरे आपराधिक रिकॉर्ड और नेटवर्क की गहन जांच कर रही है।
पुलिस के अनुसार, सेक्टर-9 की जेजे कॉलोनी में नूरी गिरोह के कई सदस्यों के मकान हैं। बाहर से साधारण दिखने वाले इन घरों में अंदर आलीशान सुविधाएं मौजूद हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि कई मकानों में चोरी की बिजली से एसी और अन्य उपकरण चलाए जा रहे हैं। मामले में संबंधित विभाग से कार्रवाई की मांग की गई है।
ADCP मनीषा सिंह ने बताया कि नूरी ने अदालत में आत्मसमर्पण किया है। यदि जांच के लिए जरूरत पड़ी तो उसे रिमांड पर लेकर पूछताछ की जाएगी। उन्होंने कहा कि उसके नेटवर्क के खिलाफ पहले ही बड़ी कार्रवाई की जा चुकी है। गिरोह के कई सदस्यों को गिरफ्तार किया जा चुका है और अपराध में इस्तेमाल होने वाले डंपर, बुलडोजर समेत अन्य मशीनें भी जब्त कर ली गई हैं।