रोहट कस्बे में निर्माणाधीन बाइपास पुल के पास हुए एम्बुलेंस हादसे में घायल व्यक्ति की मौत हो गई। अपनी बीमार मां को जोधपुर ले जाते समय हादसे में घायल 57 वर्षीय अब्दुल लतीफ ने उपचार के दौरान दम तोड़ दिया।
रोहट। कस्बे में रेडियो नदी के किनारे निर्माणाधीन बाइपास पुल कार्य पर संकेतक व मिट्टी के ढेर से 108 एम्बुलेंस टकराने से गंभीर घायल 10 बच्चों के 57 वर्षीय पिता अब्दुल लतीफ की जोधपुर में उपचार के दौरान छठे दिन मौत हो गई। शव का पुलिस ने बुधवार को पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया। मृतक की 75 वर्षीय मां फईमन बानो का भी जोधपुर में उपचार चल रहा है।
पुलिस ने बताया कि पाली शहर के इंद्रा कॉलोनी विस्तार निवासी 75 वर्षीय फईमन बानो बीपी-शुगर की मरीज हैं। तबीयत बिगड़ने पर परिजन उन्हें इलाज के लिए पाली के बांगड़ अस्पताल लाए, जहां से 12 फरवरी को उन्हें 108 एम्बुलेंस की सहायता से जोधपुर रेफर किया गया। अपनी बीमार मां को एम्बुलेंस से जोधपुर ले जाते समय रोहट रेडियो नदी के पास 108 एम्बुलेंस सड़क पर चल रहे निर्माण कार्य को लेकर रखे डाइवर्जन बोर्ड से टकरा गई।
हादसे में 75 वर्षीय फईमन बानो, 57 वर्षीय बेटा अब्दुल लतीफ, 35 वर्षीय भतीजा रिजवान अली, 25 वर्षीय बेटी मदीना और एक नर्सिंगकर्मी घायल हो गए थे। इस हादसे में 57 वर्षीय अब्दुल लतीफ पुत्र अब्दुल सत्तार गंभीर रूप से घायल हो गए थे। ऐसे में उन्हें भी जोधपुर में उपचार के लिए भर्ती किया गया। उपचार के दौरान अब्दुल लतीफ पुत्र सत्तार की मौत हो गई। मृतक के शव का पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सुपुर्द कर दिया गया।
एम्बुलेंस हादसे में मृतक अब्दुल लतीफ की रीढ़ की हड्डी सहित हाथ-पैर की हड्डियों में 10 से ज्यादा फ्रैक्चर हो गए थे, जिनका जोधपुर में उपचार चल रहा था। आखिरकार उन्होंने दम तोड़ दिया, जिससे परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। मृतक 10 बच्चों का पिता है, जिसमें पांच बेटे और पांच बेटियां हैं।