जिला पीसीपीएनडीटी प्रकोष्ठ की बैठक शुक्रवार को स्वास्थ्य भवन में आयोजित की गई। जिसमें पीसीपीएनडीटी की पूरी पालना कराने व उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई को कहा गया। पीसीपीएनडीटी पीबीआई जयपुर से आए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हेमंत जाखड़ ने कहा कि जिले में सोनोग्राफी सेंटरों का नियमित जांच होनी चाहिए। इसमें कोताही नहीं बरती […]
जिला पीसीपीएनडीटी प्रकोष्ठ की बैठक शुक्रवार को स्वास्थ्य भवन में आयोजित की गई। जिसमें पीसीपीएनडीटी की पूरी पालना कराने व उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई को कहा गया। पीसीपीएनडीटी पीबीआई जयपुर से आए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हेमंत जाखड़ ने कहा कि जिले में सोनोग्राफी सेंटरों का नियमित जांच होनी चाहिए। इसमें कोताही नहीं बरती जानी चाहिए। इसको लेकर सरकार भी गंभीर है। उन्होंने कहा कि पीसीपीएनडीटी एक्ट की प्रभावी कार्रवाई के लिए राज्य में गहन निरीक्षण अभियान चल रहा है। गर्भस्थ शिशु का लिंग परीक्षण कानूनन अपराध है। यदि किसी भी सेंटर पर भ्रूण लिंग की जांच की जाने की सूचना हो तो 9799997795 या टोल फ्री नंबर 104 व 108 पर दी जा सकती है। सीएमएचओ डॉ. विकास मारवाल ने जिले में भ्रूण लिंग जांच रोकने के लिए किए जा रहे प्रयासों के बारे में बताया। बैठक में उप मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. वेदांत गर्ग, अतिरिक्त मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. जीतकुमार गुर्जर, जिला कार्यक्रम समन्वयक पीसीपीएनडीटी महेशकुमार पंवार, जिला कार्यक्रम अधिकारी भवानीसिंह, जिला लेखा प्रबंधक प्रवीण राणासरिया आदि मौजूद रहे।